तनाव के बीच जारी हुए नए रेट, जानें अब कितना ढीली करनी होगी जेब

11
Advertisement

नई दिल्ली: भारत में हर दिन सुबह 6 बजे तक पेट्रोल और डीजल की कीमतों को जारी कर दिया जाता है. आज 4 जनवरी 2026 को भी तेल कंपनियों द्वारा पेट्रोल-डीजल के दाम जारी कर दिए गए हैं. दुनिया के अलग-अलग कई देशों में टेंशन का माहौल है, जिसका असर कहीं न कहीं फ्यूल के दामों पर भी पड़ता है. 

अमेरिका और वेनेजुएला में चल रहे तनाव की वजह से पेट्रोल-डीजल के दामों पर भी असर पड़ सकता है. हालांकि अब तक इसका खास असर दिखता नजर नहीं आ रहा है. डायनामिक फ्यूल प्राइसिंग फिलहाल स्थिर है. भारत सरकार द्वारा हर रोज पेट्रोल-डीजल के दामों को संसोधित किया जाता है, जिससे की पारदर्शिता बढ़े और सट्टेबाजी की प्रथाएं खत्म हो सके. यह नियम 2017 में लाया गया था. 

यहां भी पढ़े:  शुक्र–बुध की युति से बनेगा लक्ष्मी नारायण राजयोग, नए साल में तीन राशियों की किस्मत चमकेगी

क्या है पेट्रोल-डीजल के दाम 

देश भर में पेट्रोल-डीजल के दामों पर असर कई कारणों से पड़ता है. जैसे की कच्चे तेलों की कीमतें, रुपये और अमेरिकी डॉलर की विनिमय दर या फिर दो देशों के बीच तनाव की वजह से भी तेल-डीजल के दाम असंतुलित होते हैं. इसके साथ-साथ स्टेट टैक्स और उत्पाद शुल्क का भी असर इन पर पड़ता है. इसके दाम में रिफाइनिंग मार्जिन और डीलर कमीशन को भी जोड़ा जाता है. जिसके बाद इन सब को जोड़कर फाइनल रेट फाइनल किया जाता हैं. हर राज्य में लगने वाले टैक्स की वजह से हर राज्यों में इनके दाम अलग हो सकते हैं. तो चलिए देखते हैं कि आज कितना इनके दामों पर असर पड़ा है. 

यहां भी पढ़े:  ICC की मुश्किलें बढ़ीं! जियो हॉटस्टार की चाल से 27 हजार करोड़ का करार फंसा

आपके शहर के पेट्रोल के दाम 

शहरकीमतबदलाव
नई दिल्ली₹94.720
कोलकाता₹105.41-0.04
मुंबई₹103.550
चेन्नई₹100.900.05
गुड़गांव₹95.36-0.02
नोएडा₹95.120
बैंगलोर₹102.62-0.35
भुवनेश्वर₹101.350.42
चंडीगढ़₹94.300
हैदराबाद₹107.500
जयपुर₹105.400.68
लखनऊ₹94.840.15
पटना₹105.42-0.17
तिरुवनंतपुरम₹107.480

आपके शहर के डीजल के दाम

शहरकीमतबदलाव
नई दिल्ली₹87.670
कोलकाता₹92.020
मुंबई₹90.030
चेन्नई₹92.490.09
गुड़गांव₹87.82-0.03
नोएडा₹88.290
बैंगलोर₹90.72-0.32
भुवनेश्वर₹92.920.41
चंडीगढ़₹82.450
हैदराबाद₹95.700
जयपुर₹90.820.61
लखनऊ₹87.980.17
पटना₹91.66-0.16
तिरुवनंतपुरम₹96.480
यहां भी पढ़े:  चिदंबरम ने की विधेयकों में बढ़ती हिंदी शब्दों की प्रवृत्ति की कड़ी आलोचना
Advertisement