देशभर में मौसम का मिजाज तेजी से बदल रहा है और अब दिन के साथ-साथ रातों में भी गर्मी का अहसास बढ़ने लगा है। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, उत्तर भारत के मैदानी इलाकों से लेकर मध्य भारत तक न्यूनतम तापमान सामान्य से 5 से 7 डिग्री सेल्सियस ऊपर दर्ज किया जा रहा है। हालांकि, एक ताजा पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) के सक्रिय होने से आने वाले कुछ दिनों में पहाड़ों पर बर्फबारी और मैदानी इलाकों में मौसम में बदलाव की संभावना जताई जा रही है।
दिल्ली और उत्तर भारत में बढ़ा न्यूनतम पारा
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में न्यूनतम तापमान 19 डिग्री सेल्सियस तक पहुँच गया है, जो सामान्य से 5 डिग्री अधिक है। इसी तरह राजस्थान के चुरू और सीकर जैसे इलाकों में, जहाँ आमतौर पर अच्छी ठंड रहती है, वहां भी दिन का तापमान 39 डिग्री सेल्सियस के पार पहुँच गया है। जम्मू-कश्मीर के काजीगुंड और श्रीनगर जैसे ठंडे इलाकों में भी न्यूनतम तापमान सामान्य से तीन गुना अधिक दर्ज किया जा रहा है, जो पर्यावरण में हो रहे बदलावों का स्पष्ट संकेत है।
पहाड़ों पर बर्फबारी और मैदानी इलाकों में बादल
9 मार्च से एक नया पश्चिमी विक्षोभ उत्तर भारत के पहाड़ों को प्रभावित करना शुरू कर चुका है। इसके चलते गिलगित-बाल्टिस्तान, मुजफ्फराबाद, लद्दाख और जम्मू-कश्मीर के ऊपरी हिस्सों में बारिश और बर्फबारी की संभावना है। इसका असर पंजाब, हरियाणा और राजस्थान के कुछ हिस्सों पर भी दिखेगा, जहाँ आसमान में बादलों की आवाजाही बनी रहेगी। 10 और 11 मार्च को पहाड़ों पर बर्फबारी की तीव्रता बढ़ सकती है, जिससे मैदानी इलाकों की हवाओं में थोड़ी ठंडक आने की उम्मीद है।
मध्य और पश्चिम भारत में हीट वेव का अलर्ट
गुजरात, राजस्थान के दक्षिणी हिस्सों और महाराष्ट्र के कोंकण क्षेत्र में गर्मी का प्रकोप जारी है। यहाँ कई जगहों पर पारा 40 डिग्री सेल्सियस को छू रहा है। मुंबई और तटीय गुजरात में उमस भरी गर्मी (Humid Heat) के कारण लोगों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। हालांकि, अरब सागर और बंगाल की खाड़ी से आने वाले बादलों के कारण पश्चिमी और पूर्वी घाटों के कुछ हिस्सों में छिटपुट वर्षा हो सकती है, जिससे चल रही हीट वेव की स्थिति में थोड़ा अंतर आ सकता है।
दक्षिण और पूर्वोत्तर भारत का हाल
दक्षिण भारत के राज्यों, विशेषकर तेलंगाना, कर्नाटक और आंध्र प्रदेश के रायलसीमा क्षेत्र में तापमान तेजी से ऊपर जा रहा है। तमिलनाडु और केरल के तटवर्ती इलाकों में बादलों की मौजूदगी रहेगी और हल्की बारिश की संभावना है। पूर्वोत्तर भारत में अरुणाचल प्रदेश, असम और सिक्किम में भी आने वाले दो-तीन दिनों में हल्की से मध्यम वर्षा होने के आसार हैं। 11 मार्च के बाद ठंडी हवाओं के चलने से उत्तर भारत के न्यूनतम तापमान में 1 से 2 डिग्री की गिरावट आ सकती है, जिससे सुबह और रात का मौसम थोड़ा सुहावना हो जाएगा।

































