एप्पल ने आईफोन यूजर्स के लिए बड़ा सुरक्षा अलर्ट जारी करते हुए iOS 26.3 अपडेट रोलआउट कर दिया है। कंपनी ने सभी योग्य यूजर्स से अपील की है कि वे तुरंत अपने डिवाइस को अपडेट करें, क्योंकि इस नए वर्जन में 39 से अधिक गंभीर सुरक्षा खामियों को ठीक किया गया है। इनमें एक बेहद खतरनाक जीरो-डे भेद्यता भी शामिल है, जिसका इस्तेमाल पहले ही वास्तविक साइबर हमलों में किया जा चुका है।
एप्पल के मुताबिक यह अपडेट खास तौर पर उन कमजोरियों को दूर करता है, जिनके जरिए हैकर्स डिवाइस पर मैलिशियस कोड चला सकते थे और सिस्टम पर पूरा नियंत्रण हासिल कर सकते थे। साइबर सुरक्षा विशेषज्ञों का कहना है कि देरी करने पर यूजर्स फिशिंग, स्पायवेयर और डेटा चोरी जैसे हमलों के जोखिम में आ सकते हैं।
iOS 26.3 में कुल 39 से अधिक सुरक्षा पैच शामिल हैं। यह अपडेट सिस्टम के कोर कंपोनेंट्स, वेब ब्राउजिंग इंजन और लिंकिंग प्रोसेस से जुड़ी कमजोरियों को मजबूत करता है। खास चिंता का विषय CVE-2026-20700 नामक जीरो-डे भेद्यता है, जो एप्पल के dyld यानी डायनामिक लिंक एडिटर से जुड़ी है।
तकनीकी जानकारी के अनुसार dyld रनटाइम पर लाइब्रेरी लोड और लिंक करने का काम करता है। इस खामी के जरिए हमलावर मेमोरी करप्शन कर सिस्टम के कंट्रोल फ्लो को हाईजैक कर सकते थे। इससे प्वाइंटर ऑथेंटिकेशन कोड और केएएसएलआर जैसी सुरक्षा परतों को बायपास कर मनचाहा कोड चलाया जा सकता था। विशेषज्ञों ने इसे “मास्टर की” जैसा बताया है, जो सही परिस्थिति में डिवाइस पर पूर्ण नियंत्रण दिला सकती है।
रिपोर्ट के अनुसार इस खामी का उपयोग चुनिंदा लक्षित हमलों में किया गया है, जिनमें पत्रकारों और हाई-प्रोफाइल व्यक्तियों को निशाना बनाए जाने की आशंका जताई गई है। इस जीरो-डे को गूगल के थ्रेट एनालिसिस ग्रुप ने खोजा था। 2026 में एप्पल द्वारा फिक्स की गई यह पहली जीरो-डे कमजोरी है।
iOS 26.3 में वेबकिट से जुड़ी कई समस्याओं को भी ठीक किया गया है। ये खामियां डिनायल ऑफ सर्विस, ब्राउजर क्रैश और संभावित कोड एक्जीक्यूशन का रास्ता खोल सकती थीं। इसके अलावा आईफोन कर्नेल में पाई गई रेस कंडीशन और रूट प्रिविलेज एस्केलेशन से जुड़ी खामियों को भी बंद किया गया है। लॉक स्क्रीन से संभावित डेटा लीक, सैंडबॉक्स एस्केप और मिररिंग यूआई से जुड़ी समस्याएं भी इस अपडेट में सुलझाई गई हैं।
यह अपडेट iPhone 11 और उससे नए सभी मॉडलों के लिए उपलब्ध है। इसके अलावा कुछ iPad मॉडल्स भी इस सुरक्षा पैच के दायरे में आते हैं। जो पुराने डिवाइस iOS 26.3 सपोर्ट नहीं करते, वे इन नई सुरक्षा परतों से वंचित रह जाएंगे।
साइबर सुरक्षा विशेषज्ञों ने यूजर्स को सलाह दी है कि वे तुरंत अपडेट इंस्टॉल करें। उनका कहना है कि हमलावर अक्सर ऐसे सुरक्षा छेदों का फायदा तब तक उठाते रहते हैं जब तक अधिकांश यूजर्स अपडेट नहीं कर लेते। खासकर लक्षित हमलों में देरी खतरनाक साबित हो सकती है।
आईफोन अपडेट करने के लिए यूजर्स को सेटिंग्स में जाकर जनरल पर टैप करना होगा, फिर सॉफ्टवेयर अपडेट सेक्शन में जाकर iOS 26.3 डाउनलोड और इंस्टॉल करना होगा। अपडेट के दौरान डिवाइस का वाई-फाई से कनेक्ट होना और पर्याप्त बैटरी होना जरूरी है।
एप्पल ने साफ किया है कि यह अपडेट केवल फीचर सुधार के लिए नहीं, बल्कि यूजर्स की डिजिटल सुरक्षा के लिए बेहद अहम है। ऐसे में कंपनी और विशेषज्ञ दोनों की सलाह है कि बिना देरी किए iOS 26.3 इंस्टॉल कर अपने आईफोन को सुरक्षित करें।






























