श्रावस्ती के गिलौला क्षेत्र स्थित रामपुर पैड़ा गांव के पेड़ी समय माता मंदिर में चल रहे श्री रुद्र महायज्ञ और संगीतमयी श्री रामकथा का विधि-विधान के साथ समापन हो गया। अंतिम दिवस पर आयोजित महायज्ञ, हवन-पूजन और विशाल भंडारे में क्षेत्र के हजारों श्रद्धालुओं ने पहुंचकर धर्मलाभ प्राप्त किया। कार्यक्रम के अंतिम दिन सुबह से ही मंदिर परिसर में भक्तों की भीड़ उमड़ने लगी थी। आचार्यों के वैदिक मंत्रोच्चार के बीच महंत श्री लक्ष्मी नारायण दास जी महाराज के सानिध्य में हवन संपन्न कराया गया। श्रद्धालुओं ने आहुति देकर अपने परिवार और क्षेत्र की सुख-शांति व समृद्धि की कामना की। हवन के उपरांत विशाल भंडारे का आयोजन किया गया। इसमें आसपास के गांवों सहित दूर-दराज से आए हजारों भक्तों ने प्रसाद ग्रहण किया। पूरे दिन मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं की आवाजाही बनी रही, जिससे भक्ति और उत्साह का वातावरण निर्मित हुआ। महंत श्री लक्ष्मी नारायण दास जी महाराज ने बताया कि महाशिवरात्रि पर्व के उपलक्ष्य में आयोजित इस श्री रामकथा और धार्मिक अनुष्ठान का मुख्य उद्देश्य समाज में धर्म, संस्कार और सद्भाव का संदेश प्रसारित करना था। उन्होंने कार्यक्रम को सफल बनाने में सहयोग देने वाले सभी श्रद्धालुओं और सहयोगियों के प्रति आभार व्यक्त किया। समापन अवसर पर क्षेत्र के कई संत-महात्मा, जनप्रतिनिधि और ग्रामीणजन बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। इस आयोजन को लेकर पूरे गिलौला क्षेत्र में श्रद्धा और उल्लास का माहौल देखा गया।
पैडी समय माता मंदिर में श्री रुद्र महायज्ञ:रामकथा का समापन, हजारों श्रद्धालुओं ने लिया धर्मलाभ
श्रावस्ती के गिलौला क्षेत्र स्थित रामपुर पैड़ा गांव के पेड़ी समय माता मंदिर में चल रहे श्री रुद्र महायज्ञ और संगीतमयी श्री रामकथा का विधि-विधान के साथ समापन हो गया। अंतिम दिवस पर आयोजित महायज्ञ, हवन-पूजन और विशाल भंडारे में क्षेत्र के हजारों श्रद्धालुओं ने पहुंचकर धर्मलाभ प्राप्त किया। कार्यक्रम के अंतिम दिन सुबह से ही मंदिर परिसर में भक्तों की भीड़ उमड़ने लगी थी। आचार्यों के वैदिक मंत्रोच्चार के बीच महंत श्री लक्ष्मी नारायण दास जी महाराज के सानिध्य में हवन संपन्न कराया गया। श्रद्धालुओं ने आहुति देकर अपने परिवार और क्षेत्र की सुख-शांति व समृद्धि की कामना की। हवन के उपरांत विशाल भंडारे का आयोजन किया गया। इसमें आसपास के गांवों सहित दूर-दराज से आए हजारों भक्तों ने प्रसाद ग्रहण किया। पूरे दिन मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं की आवाजाही बनी रही, जिससे भक्ति और उत्साह का वातावरण निर्मित हुआ। महंत श्री लक्ष्मी नारायण दास जी महाराज ने बताया कि महाशिवरात्रि पर्व के उपलक्ष्य में आयोजित इस श्री रामकथा और धार्मिक अनुष्ठान का मुख्य उद्देश्य समाज में धर्म, संस्कार और सद्भाव का संदेश प्रसारित करना था। उन्होंने कार्यक्रम को सफल बनाने में सहयोग देने वाले सभी श्रद्धालुओं और सहयोगियों के प्रति आभार व्यक्त किया। समापन अवसर पर क्षेत्र के कई संत-महात्मा, जनप्रतिनिधि और ग्रामीणजन बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। इस आयोजन को लेकर पूरे गिलौला क्षेत्र में श्रद्धा और उल्लास का माहौल देखा गया।

































