महराजगंज जिले के मिठौरा ब्लॉक अंतर्गत परसौनी गांव में बिजली विभाग की लापरवाही को लेकर ग्राम प्रधान सहित ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। गांव के बीच से गुजर रही 11 हजार वोल्ट की हाईटेंशन लाइन एक बार फिर हादसे की वजह बन गई। जानकारी के अनुसार, करीब दो दिन पूर्व गांव में एक व्यक्ति मकान निर्माण करा रहा था। इसी दौरान अचानक बिजली की चपेट में आने से दो मजदूर बुरी तरह झुलस गए। घायलों की पहचान खोस्टा गांव निवासी रमन चौहान और सिहुली परसा गांव निवासी शैलेंद्र के रूप में हुई है। घटना के बाद गांव में अफरा-तफरी मच गई। ग्रामीणों ने आनन-फानन में दोनों घायलों को जिला अस्पताल पहुंचाया, जहां उनकी हालत गंभीर देखते हुए चिकित्सकों ने उन्हें गोरखपुर मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया। ग्राम प्रधान एवं जिलाध्यक्ष प्रधान संघ अनिल कुमार जोशी ने बताया कि गांव के बीचोंबीच 11 हजार वोल्ट की लाइन गुजरने के कारण पूर्व में भी कई बड़े हादसे हो चुके हैं। उन्होंने कहा कि इस समस्या को लेकर कई बार विद्युत विभाग के अधिकारियों को अवगत कराया गया, लेकिन आज तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। सपा जिला उपाध्यक्ष तैय्यब अंसारी, ग्राम प्रधान अनिल कुमार जोशी, कवींद्र कुमार पांडेय, सोबराती, कमरूजमा, सर्फुद्दीन, इजहार और मुजफ्फर अली सहित अन्य ग्रामीणों का कहना है कि गांव की सड़कें संकरी हैं और ऊपर से नंगे हाईटेंशन तार लटकने के कारण आए दिन जान-माल का खतरा बना रहता है। इस समस्या से नाराज दर्जनों ग्रामीण पंचायत भवन पर एकत्र हुए और विद्युत विभाग के खिलाफ प्रदर्शन किया। ग्रामीणों ने मांग की है कि हाईटेंशन लाइन को गांव के बाहर से ले जाया जाए ताकि भविष्य में किसी बड़े हादसे से बचा जा सके। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही समस्या का समाधान नहीं हुआ तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
हाईटेंशन लाइन से हादसा, दो मजदूर झुलसे: महराजगंज के परसौनी में ग्रामीणों ने बिजली विभाग के खिलाफ किया प्रदर्शन – Bhagatar(Nichlaul) News
महराजगंज जिले के मिठौरा ब्लॉक अंतर्गत परसौनी गांव में बिजली विभाग की लापरवाही को लेकर ग्राम प्रधान सहित ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। गांव के बीच से गुजर रही 11 हजार वोल्ट की हाईटेंशन लाइन एक बार फिर हादसे की वजह बन गई। जानकारी के अनुसार, करीब दो दिन पूर्व गांव में एक व्यक्ति मकान निर्माण करा रहा था। इसी दौरान अचानक बिजली की चपेट में आने से दो मजदूर बुरी तरह झुलस गए। घायलों की पहचान खोस्टा गांव निवासी रमन चौहान और सिहुली परसा गांव निवासी शैलेंद्र के रूप में हुई है। घटना के बाद गांव में अफरा-तफरी मच गई। ग्रामीणों ने आनन-फानन में दोनों घायलों को जिला अस्पताल पहुंचाया, जहां उनकी हालत गंभीर देखते हुए चिकित्सकों ने उन्हें गोरखपुर मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया। ग्राम प्रधान एवं जिलाध्यक्ष प्रधान संघ अनिल कुमार जोशी ने बताया कि गांव के बीचोंबीच 11 हजार वोल्ट की लाइन गुजरने के कारण पूर्व में भी कई बड़े हादसे हो चुके हैं। उन्होंने कहा कि इस समस्या को लेकर कई बार विद्युत विभाग के अधिकारियों को अवगत कराया गया, लेकिन आज तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। सपा जिला उपाध्यक्ष तैय्यब अंसारी, ग्राम प्रधान अनिल कुमार जोशी, कवींद्र कुमार पांडेय, सोबराती, कमरूजमा, सर्फुद्दीन, इजहार और मुजफ्फर अली सहित अन्य ग्रामीणों का कहना है कि गांव की सड़कें संकरी हैं और ऊपर से नंगे हाईटेंशन तार लटकने के कारण आए दिन जान-माल का खतरा बना रहता है। इस समस्या से नाराज दर्जनों ग्रामीण पंचायत भवन पर एकत्र हुए और विद्युत विभाग के खिलाफ प्रदर्शन किया। ग्रामीणों ने मांग की है कि हाईटेंशन लाइन को गांव के बाहर से ले जाया जाए ताकि भविष्य में किसी बड़े हादसे से बचा जा सके। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही समस्या का समाधान नहीं हुआ तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।






































