निचलौल नगर के चाचा चिल्ड्रेन पार्क में 3 जनवरी 2026 को एक विराट हिंदू सम्मेलन का आयोजन किया गया। यह सम्मेलन गरिमामय और अनुशासित वातावरण में संपन्न हुआ, जिसमें सिद्धार्थनगर के विभाग प्रचारक राजीव नयन मुख्य वक्ता रहे। कार्यक्रम का शुभारंभ गणेश वंदना और महाभारत के दृश्य गीत के साथ हुआ। इसके बाद, मुख्य वक्ता राजीव नयन ने दीप प्रज्वलित कर सम्मेलन का विधिवत उद्घाटन किया। मंचासीन अतिथियों और मुख्य वक्ता का स्वागत पुष्पवर्षा, शंखनाद और तिलक लगाकर किया गया। मनु लॉ कॉलेज के प्रबंधक दिनेश सिंह ने कार्यक्रम की अध्यक्षता की। उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि हिंदू संस्कृति विश्व की धरोहर है और भारत की सबसे प्राचीन संस्कृति है। मुख्य वक्ता राजीव नयन ने अपने उद्बोधन में बताया कि देश के हर कोने में हिंदू सम्मेलन आयोजित हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि हिंदू धर्म पूरे विश्व के कल्याण की भावना रखता है और हिंदू समाज के संगठित होने से ही राष्ट्र और विश्व का कल्याण संभव है। अन्य वक्ताओं ने मातृशक्ति, भगवा ध्वज, भारतीय शिक्षा प्रणाली, संस्कृति संरक्षण और सामाजिक एकता जैसे विषयों पर जोर दिया। कार्यक्रम के अंत में, जितेंद्र पाल सिंह ने सभी आगंतुकों और सहयोगियों का आभार व्यक्त किया। इसके बाद, भारत माता की आरती के साथ सम्मेलन का समापन हुआ। इस अवसर पर मधु प्रिया त्रिपाठी, प्रेम बहादुर, ओमप्रकाश कसौधन, शिवचरण, मदन, शिवनाथ, दुर्गा, अरुण, अभिषेक, शंभू, दिनेश सहित बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।
निचलौल में विराट हिंदू सम्मेलन संपन्न: हिंदू संस्कृति को विश्व की प्राचीनतम धरोहर बताया – Bahuar(Nichlaul) News
निचलौल नगर के चाचा चिल्ड्रेन पार्क में 3 जनवरी 2026 को एक विराट हिंदू सम्मेलन का आयोजन किया गया। यह सम्मेलन गरिमामय और अनुशासित वातावरण में संपन्न हुआ, जिसमें सिद्धार्थनगर के विभाग प्रचारक राजीव नयन मुख्य वक्ता रहे। कार्यक्रम का शुभारंभ गणेश वंदना और महाभारत के दृश्य गीत के साथ हुआ। इसके बाद, मुख्य वक्ता राजीव नयन ने दीप प्रज्वलित कर सम्मेलन का विधिवत उद्घाटन किया। मंचासीन अतिथियों और मुख्य वक्ता का स्वागत पुष्पवर्षा, शंखनाद और तिलक लगाकर किया गया। मनु लॉ कॉलेज के प्रबंधक दिनेश सिंह ने कार्यक्रम की अध्यक्षता की। उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि हिंदू संस्कृति विश्व की धरोहर है और भारत की सबसे प्राचीन संस्कृति है। मुख्य वक्ता राजीव नयन ने अपने उद्बोधन में बताया कि देश के हर कोने में हिंदू सम्मेलन आयोजित हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि हिंदू धर्म पूरे विश्व के कल्याण की भावना रखता है और हिंदू समाज के संगठित होने से ही राष्ट्र और विश्व का कल्याण संभव है। अन्य वक्ताओं ने मातृशक्ति, भगवा ध्वज, भारतीय शिक्षा प्रणाली, संस्कृति संरक्षण और सामाजिक एकता जैसे विषयों पर जोर दिया। कार्यक्रम के अंत में, जितेंद्र पाल सिंह ने सभी आगंतुकों और सहयोगियों का आभार व्यक्त किया। इसके बाद, भारत माता की आरती के साथ सम्मेलन का समापन हुआ। इस अवसर पर मधु प्रिया त्रिपाठी, प्रेम बहादुर, ओमप्रकाश कसौधन, शिवचरण, मदन, शिवनाथ, दुर्गा, अरुण, अभिषेक, शंभू, दिनेश सहित बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।









































