बलरामपुर में नेशनल मेडिकोज ऑर्गेनाइजेशन अवध प्रांत द्वारा गुरु गोरख स्वास्थ्य सेवा यात्रा 6.0 का आयोजन 6, 7 और 8 फरवरी को किया जाएगा। इसका मुख्य उद्देश्य सीमावर्ती गांवों में नि:शुल्क चिकित्सा सेवाएं उपलब्ध कराना है। इस कार्यक्रम की तैयारियों को लेकर रविवार को जिले में एक समन्वय बैठक आयोजित की गई। इसमें यात्रा के सफल संचालन और चिकित्सा सेवाओं की रूपरेखा पर विस्तृत चर्चा हुई। बैठक में श्री गुरु गोरखनाथ सेवा न्यास के अध्यक्ष प्रो. एमएलबी भट्ट, कल्याण सिंह कैंसर संस्थान, लखनऊ के निदेशक प्रो. राजेश चतुर्वेदी, मेडिकल कॉलेज बलरामपुर के प्राचार्य, नेशनल मेडिकोज ऑर्गेनाइजेशन अवध प्रांत लखनऊ के डॉ. तावसी और डॉ. अभिषेक मौजूद रहे। इसके अतिरिक्त, गोंडा विभाग के संघचालक सौम्य अग्रवाल, बलरामपुर जिलाध्यक्ष राधेश्याम वर्मा, सचिव डॉ. विकल्प मिश्रा, जिला संयोजक राम कृपाल, सहसंयोजक शैलेंद्र और जिला प्रचारक जितेंद्र कुमार सहित अन्य पदाधिकारी भी उपस्थित थे। बैठक में विशेष रूप से सीमावर्ती गांवों में आयोजित होने वाले मेडिकल कैंपों पर चर्चा की गई। अध्यक्ष प्रो. एम. एल. बी. भट्ट ने बताया कि मेडिकल टीमें स्थानीय लोगों के घरों पर जाकर उनकी चिकित्सा करेंगी। ये कैंप पचपेड़वा, गैसड़ी, तुलसीपुर और हरैया सतघरवा क्षेत्र की 70 ग्राम पंचायतों में लगाए जाएंगे।
बलरामपुर में गुरु गोरख स्वास्थ्य सेवा यात्रा 6.0:नेशनल मेडिकोज ऑर्गेनाइजेशन अवध प्रांत फरवरी में करेगा आयोजन
बलरामपुर में नेशनल मेडिकोज ऑर्गेनाइजेशन अवध प्रांत द्वारा गुरु गोरख स्वास्थ्य सेवा यात्रा 6.0 का आयोजन 6, 7 और 8 फरवरी को किया जाएगा। इसका मुख्य उद्देश्य सीमावर्ती गांवों में नि:शुल्क चिकित्सा सेवाएं उपलब्ध कराना है। इस कार्यक्रम की तैयारियों को लेकर रविवार को जिले में एक समन्वय बैठक आयोजित की गई। इसमें यात्रा के सफल संचालन और चिकित्सा सेवाओं की रूपरेखा पर विस्तृत चर्चा हुई। बैठक में श्री गुरु गोरखनाथ सेवा न्यास के अध्यक्ष प्रो. एमएलबी भट्ट, कल्याण सिंह कैंसर संस्थान, लखनऊ के निदेशक प्रो. राजेश चतुर्वेदी, मेडिकल कॉलेज बलरामपुर के प्राचार्य, नेशनल मेडिकोज ऑर्गेनाइजेशन अवध प्रांत लखनऊ के डॉ. तावसी और डॉ. अभिषेक मौजूद रहे। इसके अतिरिक्त, गोंडा विभाग के संघचालक सौम्य अग्रवाल, बलरामपुर जिलाध्यक्ष राधेश्याम वर्मा, सचिव डॉ. विकल्प मिश्रा, जिला संयोजक राम कृपाल, सहसंयोजक शैलेंद्र और जिला प्रचारक जितेंद्र कुमार सहित अन्य पदाधिकारी भी उपस्थित थे। बैठक में विशेष रूप से सीमावर्ती गांवों में आयोजित होने वाले मेडिकल कैंपों पर चर्चा की गई। अध्यक्ष प्रो. एम. एल. बी. भट्ट ने बताया कि मेडिकल टीमें स्थानीय लोगों के घरों पर जाकर उनकी चिकित्सा करेंगी। ये कैंप पचपेड़वा, गैसड़ी, तुलसीपुर और हरैया सतघरवा क्षेत्र की 70 ग्राम पंचायतों में लगाए जाएंगे।









































