बस्ती जनपद के कलवारी थाना क्षेत्र से जुड़ा एक प्रेम विवाह का मामला सामने आया है। पांच वर्षों से प्रेम संबंध में रह रहे एक युवक और युवती ने परिजनों की असहमति के बावजूद देवरिया स्थित एक मंदिर में हिंदू रीति-रिवाज से विवाह कर लिया। विवाह के बाद दोनों ने अपनी सुरक्षा और कानूनी संरक्षण की मांग को लेकर सीधे पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचकर अधिकारियों से गुहार लगाई। दोनों ने पुलिस को बताया कि वे दोनों बालिग हैं और आपसी सहमति से विवाह किया है। उन्होंने कहा कि परिजनों की नाराजगी और संभावित दबाव के चलते उन्हें अपनी जान-माल की सुरक्षा को लेकर गंभीर आशंका है। इसी कारण वे पुलिस प्रशासन की शरण में आए हैं, ताकि किसी भी अप्रिय घटना से बचा जा सके। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, मामले को गंभीरता से लेते हुए युवक और युवती दोनों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं। दोनों के बयान अलग-अलग लिए जा रहे हैं ताकि किसी भी प्रकार के दबाव या जबरदस्ती की स्थिति की निष्पक्ष जांच हो सके। पुलिस का कहना है कि युवती पक्ष की ओर से युवक पर दबाव बनाए जाने की बात भी सामने आई है, जिसकी जांच की जा रही है। बताया गया कि इससे पहले प्रेमी युगल ने क्षेत्राधिकारी (सीओ) सदर को अपनी मर्जी से विवाह करने संबंधी शपथ पत्र भी सौंपा था। इस संबंध में सीओ सदर सत्येंद्र भूषण तिवारी ने बताया कि युवक और युवती दोनों बालिग हैं और कानून उन्हें अपनी पसंद से जीवन साथी चुनने का पूरा अधिकार देता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि पुलिस की प्राथमिकता कानून-व्यवस्था बनाए रखना है और किसी भी पक्ष को कानून हाथ में लेने की अनुमति नहीं दी जाएगी। पुलिस प्रशासन ने आश्वासन दिया है कि पूरे मामले पर सतत नजर रखी जा रही है और यदि किसी भी तरह की धमकी या दबाव की स्थिति सामने आती है तो नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल, प्रेमी युगल को आवश्यक कानूनी सहायता और सुरक्षा उपलब्ध कराने की प्रक्रिया जारी है।









































