गांव और नगर में अशुद्ध पानी से बढ़ रहीं बीमारियां:बड़ी आबादी अशुद्ध और प्रदूषित पानी पीने को मजबूर, सरकारी दावे जमीनी हकीकत से काफी दूर

4
Advertisement

नगर पंचायत भारत भारी सहित ग्रामीण हिस्सों में आज भी बड़ी आबादी अशुद्ध और प्रदूषित पानी पीने को मजबूर है। स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराने के सरकारी दावे जमीनी हकीकत से काफी दूर नजर आते हैं। यह स्थिति लोगों के स्वास्थ्य के लिए गंभीर खतरा बन चुकी है। कई इलाकों में पानी देखने में साफ लगता है, लेकिन इसमें घुले आर्सेनिक, आयरन, क्लोराइड और अन्य हानिकारक तत्व सेहत पर बुरा असर डाल रहे हैं। इसके परिणामस्वरूप लोगों में पेट, लीवर, किडनी, त्वचा और हड्डियों से संबंधित तमाम बीमारियां लगातार बढ़ रही हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में हालात और भी बदतर हैं। अनेक स्थानों पर हैंडपंपों को अनुपयोगी घोषित कर दिया गया है, जबकि कुछ जगहों पर जार के माध्यम से पानी की आपूर्ति की जा रही है। लोग मजबूरी में ऐसे स्रोतों से पानी पीने को विवश हैं, जिनकी गुणवत्ता की नियमित जांच नहीं होती। कई हैंडपंपों का पानी आर्सेनिक और क्लोराइड की अत्यधिक मात्रा के कारण पीने योग्य नहीं बचा है। विशेषज्ञों के अनुसार, लंबे समय तक ऐसा पानी पीने से कैंसर, हृदय रोग, उच्च रक्तचाप और किडनी फेल होने जैसी गंभीर बीमारियों का खतरा काफी बढ़ जाता है। ‘हर घर नल से जल’ जैसी सरकारी योजनाएं कई गांवों में केवल कागजों तक ही सीमित हैं। कुछ स्थानों पर पाइप लाइनें बिछा दी गई हैं, लेकिन शुद्ध पानी की आपूर्ति अभी तक शुरू नहीं हो पाई है। इसके चलते लोगों को पानी खरीद कर पीना पड़ता है। चिकित्सकों का कहना है कि पानी पीने से पहले उसकी गुणवत्ता की जांच अत्यंत आवश्यक है। संदिग्ध हैंडपंपों के पानी का सीधे सेवन करने से बचना चाहिए। पानी को उबालकर, फिल्टर करके या प्रमाणित शोधन विधियों का उपयोग करके ही सुरक्षित माना जा सकता है। बच्चों, बुजुर्गों और गर्भवती महिलाओं को इस संबंध में विशेष सावधानी बरतनी चाहिए। नागरिकों में अशोक कुमार, राम विलास, लवकुश, राम कुमार ने बताया कि जब तक शुद्ध पेयजल की स्थायी और विश्वसनीय व्यवस्था सुनिश्चित नहीं होती, तब तक जल जनित बीमारियों का खतरा बना रहेगा। सरकार और प्रशासन को चाहिए कि वे नियमित जांच, पारदर्शी निगरानी और समयबद्ध समाधान के माध्यम से लोगों को स्वच्छ पानी उपलब्ध कराएं।
यहां भी पढ़े:  बलरामपुर चेयरमैन ने हॉकी टूर्नामेंट में खिलाड़ियों से परिचय किया:महाराजा सर भगवती प्रसाद सिंह अखिल भारतीय प्राइज मनी हॉकी का पहला दिन
Advertisement