बांसी से नन्दौर तक निर्माणाधीन सड़क चौड़ीकरण कार्य तेजी से आगे बढ़ रहा है। बेलौहा पेट्रोल पंप से नन्दौर की दिशा में डामर बिछाने का दूसरा चरण शुरू हो गया है, जिससे क्षेत्रवासियों को जल्द ही बेहतर कनेक्टिविटी मिलने की उम्मीद है। सड़क निर्माण का पहला चरण बेलौहा पंप के पास सफलतापूर्वक पूरा किया जा चुका है। अब उसी स्थान से दूसरे चरण का कार्य भी प्रारंभ कर दिया गया है, जिसमें डामर वाली गिट्टी बिछाई जा रही है। निर्माण कार्य में लगे कर्मचारी और मशीनें दिन-रात काम कर रही हैं, ताकि परियोजना को निर्धारित समय-सीमा के भीतर पूरा किया जा सके। डामर बिछने से आवागमन सुगम होगा और बरसात में कीचड़ तथा गड्ढों की समस्या से मुक्ति मिलेगी। स्थानीय ग्रामीणों और राहगीरों ने सड़क निर्माण की गुणवत्ता और गति पर संतोष व्यक्त किया है। इस सड़क के पूरी तरह चौड़ी होने के बाद बांसी, बेलौहा और नन्दौर के बीच यातायात सुरक्षित और सुचारु हो जाएगा। इससे व्यापारियों, किसानों और दैनिक यात्रियों को विशेष लाभ मिलेगा, साथ ही क्षेत्रीय विकास को गति मिलेगी और दुर्घटनाओं में कमी आएगी। PWD के अनुसार, निर्माण कार्य पर लगातार निगरानी रखी जा रही है ताकि गुणवत्ता से कोई समझौता न हो। यदि कार्य इसी गति से जारी रहा, तो क्षेत्रवासियों को जल्द ही एक बेहतर और मजबूत सड़क उपलब्ध होगी।
बांसी-नन्दौर सड़क चौड़ीकरण कार्य ने पकड़ी रफ्तार:डामर बिछाने का दूसरा चरण शुरू
बांसी से नन्दौर तक निर्माणाधीन सड़क चौड़ीकरण कार्य तेजी से आगे बढ़ रहा है। बेलौहा पेट्रोल पंप से नन्दौर की दिशा में डामर बिछाने का दूसरा चरण शुरू हो गया है, जिससे क्षेत्रवासियों को जल्द ही बेहतर कनेक्टिविटी मिलने की उम्मीद है। सड़क निर्माण का पहला चरण बेलौहा पंप के पास सफलतापूर्वक पूरा किया जा चुका है। अब उसी स्थान से दूसरे चरण का कार्य भी प्रारंभ कर दिया गया है, जिसमें डामर वाली गिट्टी बिछाई जा रही है। निर्माण कार्य में लगे कर्मचारी और मशीनें दिन-रात काम कर रही हैं, ताकि परियोजना को निर्धारित समय-सीमा के भीतर पूरा किया जा सके। डामर बिछने से आवागमन सुगम होगा और बरसात में कीचड़ तथा गड्ढों की समस्या से मुक्ति मिलेगी। स्थानीय ग्रामीणों और राहगीरों ने सड़क निर्माण की गुणवत्ता और गति पर संतोष व्यक्त किया है। इस सड़क के पूरी तरह चौड़ी होने के बाद बांसी, बेलौहा और नन्दौर के बीच यातायात सुरक्षित और सुचारु हो जाएगा। इससे व्यापारियों, किसानों और दैनिक यात्रियों को विशेष लाभ मिलेगा, साथ ही क्षेत्रीय विकास को गति मिलेगी और दुर्घटनाओं में कमी आएगी। PWD के अनुसार, निर्माण कार्य पर लगातार निगरानी रखी जा रही है ताकि गुणवत्ता से कोई समझौता न हो। यदि कार्य इसी गति से जारी रहा, तो क्षेत्रवासियों को जल्द ही एक बेहतर और मजबूत सड़क उपलब्ध होगी।









































