झुलनीपुर में शनिवार को मानव तस्करी रोकने के लिए भारत-नेपाल सीमा पर संयुक्त गश्त किया गया। इसमें 22वीं वाहिनी सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी), उत्तर प्रदेश पुलिस, नेपाल के सशस्त्र पुलिस बल (एपीएफ) और पूर्वांचल ग्रामीण सेवा समिति ने भाग लिया। एसएसबी बीओपी झुलनीपुर के प्रभारी सर्वेश यादव ने बताया कि मानव तस्करी जैसे अपराध पर सामूहिक प्रयासों से ही अंकुश लगाया जा सकता है। उन्होंने कहा कि लोगों में जागरूकता बढ़ाने और अपराधियों में भय पैदा करने के लिए इस तरह की संयुक्त गश्त की जाती है। बहुआर चौकी प्रभारी भूपेंद्र प्रताप सिंह ने क्षेत्रवासियों से अपील की कि यदि बाल तस्करी, बाल श्रम या बाल विवाह के कोई मामले सामने आते हैं, तो वे बिना किसी झिझक के स्थानीय पुलिस को सूचित करें। उन्होंने आश्वासन दिया कि सभी के प्रयासों से इन अपराधों पर अंकुश लगाया जाएगा और इसमें लिप्त व्यक्तियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इसी क्रम में पूर्वांचल ग्रामीण सेवा समिति के श्रवण कुमार ने ‘बाल विवाह मुक्त भारत अभियान’ के बारे में जानकारी दी। उन्होंने ‘बाल श्रम मुक्त उत्तर प्रदेश’ के लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए सभी के सहयोग पर जोर दिया। इस अभियान में सशस्त्र सीमा बल 22वीं बटालियन के उप निरीक्षक रामलाल, बहुआर पुलिस टीम, नेपाल एपीएफ के उपनिरीक्षक लुद्र बहादुर राणा, तथा समिति शाखा निचलौल से श्रवण कुमार, साधना और मेनका सहित अन्य अधिकारी व सदस्य उपस्थित रहे।
मानव तस्करी रोकने के लिए भारत-नेपाल सीमा पर संयुक्त गश्त: इजाहार में सुरक्षा एजेंसियों ने जागरूकता फैलाने का संकल्प लिया – Bahuar(Nichlaul) News
झुलनीपुर में शनिवार को मानव तस्करी रोकने के लिए भारत-नेपाल सीमा पर संयुक्त गश्त किया गया। इसमें 22वीं वाहिनी सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी), उत्तर प्रदेश पुलिस, नेपाल के सशस्त्र पुलिस बल (एपीएफ) और पूर्वांचल ग्रामीण सेवा समिति ने भाग लिया। एसएसबी बीओपी झुलनीपुर के प्रभारी सर्वेश यादव ने बताया कि मानव तस्करी जैसे अपराध पर सामूहिक प्रयासों से ही अंकुश लगाया जा सकता है। उन्होंने कहा कि लोगों में जागरूकता बढ़ाने और अपराधियों में भय पैदा करने के लिए इस तरह की संयुक्त गश्त की जाती है। बहुआर चौकी प्रभारी भूपेंद्र प्रताप सिंह ने क्षेत्रवासियों से अपील की कि यदि बाल तस्करी, बाल श्रम या बाल विवाह के कोई मामले सामने आते हैं, तो वे बिना किसी झिझक के स्थानीय पुलिस को सूचित करें। उन्होंने आश्वासन दिया कि सभी के प्रयासों से इन अपराधों पर अंकुश लगाया जाएगा और इसमें लिप्त व्यक्तियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इसी क्रम में पूर्वांचल ग्रामीण सेवा समिति के श्रवण कुमार ने ‘बाल विवाह मुक्त भारत अभियान’ के बारे में जानकारी दी। उन्होंने ‘बाल श्रम मुक्त उत्तर प्रदेश’ के लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए सभी के सहयोग पर जोर दिया। इस अभियान में सशस्त्र सीमा बल 22वीं बटालियन के उप निरीक्षक रामलाल, बहुआर पुलिस टीम, नेपाल एपीएफ के उपनिरीक्षक लुद्र बहादुर राणा, तथा समिति शाखा निचलौल से श्रवण कुमार, साधना और मेनका सहित अन्य अधिकारी व सदस्य उपस्थित रहे।









































