महराजगंज के मिठौरा स्थित हरखोड़ा धाम के प्राचीन शिव मंदिर परिसर में श्री रूद्र महायज्ञ जारी है। महायज्ञ के सातवें दिन रात्रि में रामलीला का मंचन किया गया, जिसमें अयोध्या प्रसंग का चित्रण हुआ। सातवें दिन की रामलीला में ‘कैकेई-मंथरा संवाद’ मुख्य आकर्षण रहा। कलाकारों ने मंथरा द्वारा कैकेई को दी गई सलाह और उसके परिणामस्वरूप भगवान श्री राम को 14 वर्ष का वनवास मिलने के प्रसंग का जीवंत मंचन किया। इस दौरान हजारों श्रद्धालु उपस्थित रहे। महायज्ञ के अंतिम चरणों में पहुंचने के साथ ही श्रद्धालुओं की भीड़ बढ़ रही है। कड़ाके की ठंड के बावजूद रात्रि में बड़ी संख्या में लोग रामलीला देखने पहुंच रहे हैं। ‘जय श्री राम’ और ‘हर-हर महादेव’ के जयघोष से हरखोड़ा गांव और आसपास का क्षेत्र गूंज रहा है। इस धार्मिक अनुष्ठान को सफल बनाने में यज्ञ समिति के पदाधिकारी और सदस्य सक्रिय हैं। समिति के अध्यक्ष अनूप पाण्डेय हैं। प्रमुख सहयोगियों में डॉ. चंद्रशेखर भाई, गजेंद्र विश्वकर्मा और अशोक पटेल शामिल हैं। सक्रिय सदस्यों में जोखनलाल कनौजिया, करण निषाद और आशीष पाण्डेय योगदान दे रहे हैं। समिति के सदस्यों ने बताया कि आगामी दिनों में पूर्णाहुति और विशाल भंडारे की तैयारियां भी चल रही हैं। यह महायज्ञ समस्त ग्रामवासियों के सहयोग से संपन्न हो रहा है। हरखोड़ा धाम का यह रूद्र महायज्ञ धार्मिक आस्था और सांस्कृतिक विरासत को दर्शाता है।
हरखोड़ा धाम में कैकेई-मंथरा का पाठ: रूद्र महायज्ञ के सातवें दिन जुटी सैकड़ों ग्रामीणों की भीड़ – Bhagatar(Nichlaul) News
महराजगंज के मिठौरा स्थित हरखोड़ा धाम के प्राचीन शिव मंदिर परिसर में श्री रूद्र महायज्ञ जारी है। महायज्ञ के सातवें दिन रात्रि में रामलीला का मंचन किया गया, जिसमें अयोध्या प्रसंग का चित्रण हुआ। सातवें दिन की रामलीला में ‘कैकेई-मंथरा संवाद’ मुख्य आकर्षण रहा। कलाकारों ने मंथरा द्वारा कैकेई को दी गई सलाह और उसके परिणामस्वरूप भगवान श्री राम को 14 वर्ष का वनवास मिलने के प्रसंग का जीवंत मंचन किया। इस दौरान हजारों श्रद्धालु उपस्थित रहे। महायज्ञ के अंतिम चरणों में पहुंचने के साथ ही श्रद्धालुओं की भीड़ बढ़ रही है। कड़ाके की ठंड के बावजूद रात्रि में बड़ी संख्या में लोग रामलीला देखने पहुंच रहे हैं। ‘जय श्री राम’ और ‘हर-हर महादेव’ के जयघोष से हरखोड़ा गांव और आसपास का क्षेत्र गूंज रहा है। इस धार्मिक अनुष्ठान को सफल बनाने में यज्ञ समिति के पदाधिकारी और सदस्य सक्रिय हैं। समिति के अध्यक्ष अनूप पाण्डेय हैं। प्रमुख सहयोगियों में डॉ. चंद्रशेखर भाई, गजेंद्र विश्वकर्मा और अशोक पटेल शामिल हैं। सक्रिय सदस्यों में जोखनलाल कनौजिया, करण निषाद और आशीष पाण्डेय योगदान दे रहे हैं। समिति के सदस्यों ने बताया कि आगामी दिनों में पूर्णाहुति और विशाल भंडारे की तैयारियां भी चल रही हैं। यह महायज्ञ समस्त ग्रामवासियों के सहयोग से संपन्न हो रहा है। हरखोड़ा धाम का यह रूद्र महायज्ञ धार्मिक आस्था और सांस्कृतिक विरासत को दर्शाता है।






































