श्रावस्ती जिले के गिलौला स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) इन दिनों बदहाल स्थिति में है। एक ओर जहां प्रदेश सरकार स्वच्छ भारत मिशन के तहत साफ-सफाई के लिए लगातार अभियान चला रही है, वहीं गिलौला सीएचसी परिसर में इस अभियान का कोई प्रभाव नहीं दिख रहा है। अस्पताल परिसर में कई स्थानों पर कूड़े और गंदगी के ढेर लगे हुए हैं। प्रसव कक्ष के ठीक सामने कूड़ा जमा होना विशेष रूप से गंभीर है, जिससे मरीजों, गर्भवती महिलाओं और नवजात शिशुओं के स्वास्थ्य पर खतरा बढ़ गया है। अस्पताल में इलाज के लिए आने वाले मरीजों को स्वच्छ वातावरण नहीं मिल पा रहा है, जिससे उन्हें असुविधा हो रही है। इसके अतिरिक्त, अस्पताल परिसर में बने सरकारी आवासों में रहने वाले कर्मचारियों के घरों के पास भी कूड़े का अंबार लगा है। इससे पूरे क्षेत्र में दुर्गंध फैल रही है और संक्रामक बीमारियों का खतरा बढ़ रहा है। स्थानीय निवासियों राम धीरज, सुमित, संतोष और विमला का कहना है कि कई बार शिकायतें करने के बावजूद इस समस्या पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है। स्वास्थ्य सेवाओं का केंद्र माने जाने वाले इस अस्पताल परिसर में ऐसी गंदगी स्वास्थ्य विभाग की कार्यशैली पर सवाल उठाती है। सीएचसी अधीक्षक दीपक शुक्ला ने बताया कि जल्द ही सफाई अभियान चलाकर कूड़ा हटा दिया जाएगा।





































