मुंडेरवा थाना क्षेत्र के शिवपुर बढ़ौनी निवासी ओंकार पुत्र रामलखन ने बस्ती के अतिरिक्त सिविल जज सीनियर डिवीजन न्यायालय में एक प्रार्थना पत्र दिया था। इसमें उन्होंने मुंडेरवा पुलिस पर मुकदमा दर्ज न करने का आरोप लगाया था। न्यायालय ने इस मामले का संज्ञान लेते हुए वादी ओंकार की शिकायत पर घरभरन (50 वर्ष), प्रद्युम्न (28 वर्ष), भोला (18 वर्ष) और किरन (20 वर्ष) के खिलाफ वाद दायर करने का आदेश दिया। वादी ओंकार के अनुसार, प्रतिवादी प्रद्युम्न पुत्र घरभरन ने ढाई महीने पहले अपनी जमीन बोदवल बाजार निवासी पारसनाथ अग्रहरि को बेची थी। इस बैनामे में ओंकार गवाह थे। इसी बात को लेकर प्रद्युम्न के पिता घरभरन नाराज थे, और यही रंजिश का कारण बनी। ओंकार ने आरोप लगाया कि इसी रंजिश के चलते 12 अक्टूबर 2025 को शाम 4 बजे उपरोक्त आरोपियों ने उनके परिवार पर जानलेवा हमला किया था। हालांकि, मुंडेरवा पुलिस ने उस समय मुकदमा दर्ज नहीं किया था। पीड़ित ओंकार को न्याय के लिए न्यायालय की शरण लेनी पड़ी। अब न्यायालय के आदेश पर घरभरन, प्रद्युम्न, भोला और किरन के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 74, 117(2), 115(2), 352 और 351(3) के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है।






































