महराजगंज में जमीन खरीद-फरोख्त के नाम पर 1.35 करोड़ रुपए की धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। इस संबंध में भाजपा के जिलामंत्री गौतम तिवारी ने चार लोगों के खिलाफ धोखाधड़ी और विश्वासघात का मुकदमा दर्ज कराया है। यह प्रकरण हाल ही में इंटरनेट मीडिया पर प्रसारित हुए नोटों के बंडल वाले एक वीडियो से भी जुड़ा है। गौतम तिवारी ने अपनी तहरीर में बताया है कि कोल्हुई क्षेत्र के लालपुर निवासी अरविंद पासवान ने खुद को जमीन मालिक बताकर उन्हें निचलौल तहसील क्षेत्र में सस्ते दामों पर बड़े भूखंड दिलाने का झांसा दिया। अरविंद ने अपने सहयोगियों राजेश गौड़, ठाकुर प्रसाद गुप्ता और अवनेश सिंह के साथ मिलकर सौदे को अंतिम रूप देने की बात कही। आरोपियों ने जमीन का बैनामा करीब 2.40 करोड़ रुपए में कराने की बात कही थी, जिसमें 1.35 करोड़ रुपए बतौर अग्रिम भुगतान देने की शर्त रखी गई। गौतम तिवारी ने अपने परिचितों और शुभचिंतकों से सहयोग लेकर अलग-अलग तारीखों में कुल 1.35 करोड़ रुपए आरोपियों को दिए। शेष रकम रजिस्ट्री के समय देने पर सहमति बनी थी। काफी समय बीत जाने के बाद भी जब जमीन की रजिस्ट्री नहीं हुई तो गौतम तिवारी को संदेह हुआ। उन्होंने वाराणसी जाकर कथित भूखंड मालिकों से संपर्क किया, जहां उन्हें बताया गया कि जमीन बिकी ही नहीं है और यह पूरा मामला धोखाधड़ी का है। इसके बाद जब गौतम तिवारी ने अपने रुपए वापस मांगे तो आरोप है कि 10 दिसंबर 2025 को उन्हें एक सुनसान कमरे में ले जाकर डराया-धमकाया गया। इसी दौरान नोटों के बंडल के साथ उनका एक वीडियो भी बना लिया गया और दोबारा रुपए मांगने पर वीडियो प्रसारित करने की धमकी दी गई। इधर, 18 जनवरी को गौतम तिवारी का नोटों के बंडल के साथ यह वीडियो इंटरनेट मीडिया पर प्रसारित हुआ तो हड़कंप मच गया। पहले उन्होंने अपने साथ धोखाधड़ी होने की बात कही, बाद में उस वीडियो को एआई से बना फर्जी वीडियो बताया। सदर कोतवाल निर्भय सिंह ने पुष्टि की है कि धोखाधड़ी के इस प्रकरण में भाजपा के जिलामंत्री गौतम तिवारी की तहरीर पर अरविंद पासवान, राजेश गौड़, ठाकुर प्रसाद गुप्ता और अवनेश सिंह के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।
नोटों की गड्डी मामले में 4 पर आरोप: भाजपा नेता ने 1.35 करोड़ रुपए के धोखा-धड़ी का आरोप लगाया, वीडियो आया था सामने – Maharajganj News
महराजगंज में जमीन खरीद-फरोख्त के नाम पर 1.35 करोड़ रुपए की धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। इस संबंध में भाजपा के जिलामंत्री गौतम तिवारी ने चार लोगों के खिलाफ धोखाधड़ी और विश्वासघात का मुकदमा दर्ज कराया है। यह प्रकरण हाल ही में इंटरनेट मीडिया पर प्रसारित हुए नोटों के बंडल वाले एक वीडियो से भी जुड़ा है। गौतम तिवारी ने अपनी तहरीर में बताया है कि कोल्हुई क्षेत्र के लालपुर निवासी अरविंद पासवान ने खुद को जमीन मालिक बताकर उन्हें निचलौल तहसील क्षेत्र में सस्ते दामों पर बड़े भूखंड दिलाने का झांसा दिया। अरविंद ने अपने सहयोगियों राजेश गौड़, ठाकुर प्रसाद गुप्ता और अवनेश सिंह के साथ मिलकर सौदे को अंतिम रूप देने की बात कही। आरोपियों ने जमीन का बैनामा करीब 2.40 करोड़ रुपए में कराने की बात कही थी, जिसमें 1.35 करोड़ रुपए बतौर अग्रिम भुगतान देने की शर्त रखी गई। गौतम तिवारी ने अपने परिचितों और शुभचिंतकों से सहयोग लेकर अलग-अलग तारीखों में कुल 1.35 करोड़ रुपए आरोपियों को दिए। शेष रकम रजिस्ट्री के समय देने पर सहमति बनी थी। काफी समय बीत जाने के बाद भी जब जमीन की रजिस्ट्री नहीं हुई तो गौतम तिवारी को संदेह हुआ। उन्होंने वाराणसी जाकर कथित भूखंड मालिकों से संपर्क किया, जहां उन्हें बताया गया कि जमीन बिकी ही नहीं है और यह पूरा मामला धोखाधड़ी का है। इसके बाद जब गौतम तिवारी ने अपने रुपए वापस मांगे तो आरोप है कि 10 दिसंबर 2025 को उन्हें एक सुनसान कमरे में ले जाकर डराया-धमकाया गया। इसी दौरान नोटों के बंडल के साथ उनका एक वीडियो भी बना लिया गया और दोबारा रुपए मांगने पर वीडियो प्रसारित करने की धमकी दी गई। इधर, 18 जनवरी को गौतम तिवारी का नोटों के बंडल के साथ यह वीडियो इंटरनेट मीडिया पर प्रसारित हुआ तो हड़कंप मच गया। पहले उन्होंने अपने साथ धोखाधड़ी होने की बात कही, बाद में उस वीडियो को एआई से बना फर्जी वीडियो बताया। सदर कोतवाल निर्भय सिंह ने पुष्टि की है कि धोखाधड़ी के इस प्रकरण में भाजपा के जिलामंत्री गौतम तिवारी की तहरीर पर अरविंद पासवान, राजेश गौड़, ठाकुर प्रसाद गुप्ता और अवनेश सिंह के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।






































