बलरामपुर के हरैया सतघरवा क्षेत्र स्थित लमुइया गांव का हेल्थ वेलनेस सेंटर पूरी तरह जर्जर हो गया है। भवन खंड़हर में तब्दील हो चुका है, जिससे मरीजों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। सेंटर में कम्युनिटी हेल्थ ऑफिसर (सीएचओ) की तैनाती न होने के कारण स्वास्थ्य सेवाएं प्राथमिक विद्यालय में संचालित की जा रही हैं। सेंटर की हालत इतनी खराब है कि भवन के प्लास्टर टूटकर गिर रहे हैं और दरवाजे सड़ चुके हैं। ग्राम प्रधान बिट्टा यादव ने बताया कि भवन पूरी तरह से जर्जर हो चुका है। इस कारण बच्चों और महिलाओं के टीकाकरण व स्वास्थ्य परीक्षण जैसे महत्वपूर्ण कार्य प्राथमिक विद्यालय में करने पड़ रहे हैं। प्रधान प्रतिनिधि पटवारी यादव ने जानकारी दी कि पूर्व में तैनात सीएचओ पूजा का कुछ समय पहले स्थानांतरण हो गया है। जर्जर भवन में अब जहरीले जानवरों, जैसे बिच्छू और सांपों ने अपना बसेरा बना लिया है, जिससे यह अनुपयोगी हो गया है। विभाग द्वारा इसकी मरम्मत नहीं कराई जा रही है। भवन की खराब स्थिति के कारण स्वास्थ्य उपकेंद्र को गांव से तीन किलोमीटर दूर सिंहपुर स्थित साधन सहकारी समिति के बगल में संचालित किया जा रहा है। अधीक्षक डॉ. रजत शुक्ला ने बताया कि भवन की मरम्मत के संबंध में मुख्य चिकित्सा अधिकारी को अवगत करा दिया गया है।
लमुइया हेल्थ वेलनेस सेंटर जर्जर, खंड़हर में तब्दील:सीएचओ की तैनाती न होने से मरीज परेशान, प्राथमिक विद्यालय में इलाज
बलरामपुर के हरैया सतघरवा क्षेत्र स्थित लमुइया गांव का हेल्थ वेलनेस सेंटर पूरी तरह जर्जर हो गया है। भवन खंड़हर में तब्दील हो चुका है, जिससे मरीजों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। सेंटर में कम्युनिटी हेल्थ ऑफिसर (सीएचओ) की तैनाती न होने के कारण स्वास्थ्य सेवाएं प्राथमिक विद्यालय में संचालित की जा रही हैं। सेंटर की हालत इतनी खराब है कि भवन के प्लास्टर टूटकर गिर रहे हैं और दरवाजे सड़ चुके हैं। ग्राम प्रधान बिट्टा यादव ने बताया कि भवन पूरी तरह से जर्जर हो चुका है। इस कारण बच्चों और महिलाओं के टीकाकरण व स्वास्थ्य परीक्षण जैसे महत्वपूर्ण कार्य प्राथमिक विद्यालय में करने पड़ रहे हैं। प्रधान प्रतिनिधि पटवारी यादव ने जानकारी दी कि पूर्व में तैनात सीएचओ पूजा का कुछ समय पहले स्थानांतरण हो गया है। जर्जर भवन में अब जहरीले जानवरों, जैसे बिच्छू और सांपों ने अपना बसेरा बना लिया है, जिससे यह अनुपयोगी हो गया है। विभाग द्वारा इसकी मरम्मत नहीं कराई जा रही है। भवन की खराब स्थिति के कारण स्वास्थ्य उपकेंद्र को गांव से तीन किलोमीटर दूर सिंहपुर स्थित साधन सहकारी समिति के बगल में संचालित किया जा रहा है। अधीक्षक डॉ. रजत शुक्ला ने बताया कि भवन की मरम्मत के संबंध में मुख्य चिकित्सा अधिकारी को अवगत करा दिया गया है।





































