बलरामपुर में जिलाधिकारी विपिन कुमार जैन की अध्यक्षता में सड़क सुरक्षा समिति और विद्यालय यान समिति की संयुक्त बैठक हुई। इसमें जिलाधिकारी ने 5 फरवरी तक जनपद के सभी स्कूल वाहनों की फिटनेस जांच पूरी करने के निर्देश दिए। बैठक में स्पष्ट किया गया कि वैध फिटनेस प्रमाण-पत्र के बिना कोई भी स्कूल वाहन संचालित नहीं होगा। साथ ही, सभी विद्यालयों को सड़क सुरक्षा पर विशेष जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करने के निर्देश दिए गए, ताकि छात्र-छात्राओं में यातायात नियमों के प्रति जागरूकता बढ़ाई जा सके। जिलाधिकारी ने जनपद में चिन्हित ब्लैक स्पॉट्स पर चल रहे सुधारात्मक कार्यों की प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने दुर्घटना संभावित स्थलों पर त्वरित और स्थायी सुधारात्मक कार्य सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। पिछली सड़क दुर्घटनाओं की ऑडिट रिपोर्ट का भी अवलोकन किया गया, उनके कारणों का विश्लेषण कर संबंधित विभागों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए। सड़कों पर मानक के अनुरूप पर्याप्त यातायात संकेतक (साइनेज) लगाने पर भी विशेष बल दिया गया। जिलाधिकारी ने यह भी सुनिश्चित करने को कहा कि सड़क किनारे उगी झाड़ियों की नियमित कटाई की जाए, जिससे दृश्यता बनी रहे और दुर्घटनाओं की संभावना कम हो। इस बैठक में एआरटीओ बृजेश कुमार, अधिशासी अभियंता पीडब्ल्यूडी, जिला विद्यालय निरीक्षक, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी, विभिन्न विद्यालयों के प्रधानाचार्य और अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
बलरामपुर में 5 फरवरी तक स्कूल वाहनों की फिटनेस जांच:डीएम ने सड़क सुरक्षा समिति की बैठक में दिए निर्देश
बलरामपुर में जिलाधिकारी विपिन कुमार जैन की अध्यक्षता में सड़क सुरक्षा समिति और विद्यालय यान समिति की संयुक्त बैठक हुई। इसमें जिलाधिकारी ने 5 फरवरी तक जनपद के सभी स्कूल वाहनों की फिटनेस जांच पूरी करने के निर्देश दिए। बैठक में स्पष्ट किया गया कि वैध फिटनेस प्रमाण-पत्र के बिना कोई भी स्कूल वाहन संचालित नहीं होगा। साथ ही, सभी विद्यालयों को सड़क सुरक्षा पर विशेष जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करने के निर्देश दिए गए, ताकि छात्र-छात्राओं में यातायात नियमों के प्रति जागरूकता बढ़ाई जा सके। जिलाधिकारी ने जनपद में चिन्हित ब्लैक स्पॉट्स पर चल रहे सुधारात्मक कार्यों की प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने दुर्घटना संभावित स्थलों पर त्वरित और स्थायी सुधारात्मक कार्य सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। पिछली सड़क दुर्घटनाओं की ऑडिट रिपोर्ट का भी अवलोकन किया गया, उनके कारणों का विश्लेषण कर संबंधित विभागों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए। सड़कों पर मानक के अनुरूप पर्याप्त यातायात संकेतक (साइनेज) लगाने पर भी विशेष बल दिया गया। जिलाधिकारी ने यह भी सुनिश्चित करने को कहा कि सड़क किनारे उगी झाड़ियों की नियमित कटाई की जाए, जिससे दृश्यता बनी रहे और दुर्घटनाओं की संभावना कम हो। इस बैठक में एआरटीओ बृजेश कुमार, अधिशासी अभियंता पीडब्ल्यूडी, जिला विद्यालय निरीक्षक, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी, विभिन्न विद्यालयों के प्रधानाचार्य और अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।





































