डुमरियागंज के पूर्व माध्यमिक विद्यालय प्रांगण में न्याय पंचायत स्तरीय शिक्षा चौपाल का आयोजन किया गया। यूपी दिवस के अवसर पर आयोजित इस कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रधानाध्यापक नसीम अहमद ने की, जबकि सभासद उमाशंकर गौड़ मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। इस शिक्षा चौपाल का मुख्य उद्देश्य निपुण भारत मिशन के तहत बच्चों की बुनियादी भाषायी और गणितीय दक्षताओं को मजबूत करना था। इसमें उपस्थित अभिभावकों, विद्यालय प्रबंधन समिति के सदस्यों, शिक्षकों और स्थानीय जनसमुदाय को सरकार की विभिन्न शैक्षिक योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी गई। कार्यक्रम के दौरान बताया गया कि महानिदेशक स्कूल शिक्षा मोनिका रानी ने सभी बेसिक शिक्षा अधिकारियों को शिक्षा चौपालों के आयोजन के निर्देश दिए हैं। इन निर्देशों में बालवाटिका के प्रभावी संचालन, बच्चों के अधिक से अधिक नामांकन, नियमित उपस्थिति और शिक्षा के दीर्घकालिक महत्व पर विशेष जोर दिया गया है। चौपाल में विद्यालयों को उपलब्ध कराई गई शिक्षण सामग्री, प्रिंट-रिच सामग्री, गणित किट, क्रियाशील पुस्तकालय और खेल सामग्री की जानकारी साझा की गई। इसके अतिरिक्त, स्मार्ट क्लास, लैब, दीक्षा ऐप, खान अकादमी और टीचर्स ऐप जैसे डिजिटल संसाधनों के बारे में भी बताया गया। वक्ताओं ने अभिभावकों से बच्चों की शिक्षा में सक्रिय सहभागिता निभाने की अपील की। इस अवसर पर जियाफत हुसैन फारूकी, धर्मराज दुबे, मोहम्मद अकबर, अंजुम दिलनशीन, सैयद इम्तियाज हुसैन, अब्बास अली, मोहम्मद शारिक, उमेश यादव, दिनेश दुबे सहित बड़ी संख्या में लोग उपस्थित थे।
डुमरियागंज में न्याय पंचायत स्तरीय शिक्षा चौपाल:निपुण भारत मिशन पर दिया जोर, अभिभावकों को शैक्षिक योजनाओं की दी जानकारी
डुमरियागंज के पूर्व माध्यमिक विद्यालय प्रांगण में न्याय पंचायत स्तरीय शिक्षा चौपाल का आयोजन किया गया। यूपी दिवस के अवसर पर आयोजित इस कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रधानाध्यापक नसीम अहमद ने की, जबकि सभासद उमाशंकर गौड़ मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। इस शिक्षा चौपाल का मुख्य उद्देश्य निपुण भारत मिशन के तहत बच्चों की बुनियादी भाषायी और गणितीय दक्षताओं को मजबूत करना था। इसमें उपस्थित अभिभावकों, विद्यालय प्रबंधन समिति के सदस्यों, शिक्षकों और स्थानीय जनसमुदाय को सरकार की विभिन्न शैक्षिक योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी गई। कार्यक्रम के दौरान बताया गया कि महानिदेशक स्कूल शिक्षा मोनिका रानी ने सभी बेसिक शिक्षा अधिकारियों को शिक्षा चौपालों के आयोजन के निर्देश दिए हैं। इन निर्देशों में बालवाटिका के प्रभावी संचालन, बच्चों के अधिक से अधिक नामांकन, नियमित उपस्थिति और शिक्षा के दीर्घकालिक महत्व पर विशेष जोर दिया गया है। चौपाल में विद्यालयों को उपलब्ध कराई गई शिक्षण सामग्री, प्रिंट-रिच सामग्री, गणित किट, क्रियाशील पुस्तकालय और खेल सामग्री की जानकारी साझा की गई। इसके अतिरिक्त, स्मार्ट क्लास, लैब, दीक्षा ऐप, खान अकादमी और टीचर्स ऐप जैसे डिजिटल संसाधनों के बारे में भी बताया गया। वक्ताओं ने अभिभावकों से बच्चों की शिक्षा में सक्रिय सहभागिता निभाने की अपील की। इस अवसर पर जियाफत हुसैन फारूकी, धर्मराज दुबे, मोहम्मद अकबर, अंजुम दिलनशीन, सैयद इम्तियाज हुसैन, अब्बास अली, मोहम्मद शारिक, उमेश यादव, दिनेश दुबे सहित बड़ी संख्या में लोग उपस्थित थे।





































