बहराइच के मिहींपुरवा तहसील अंतर्गत भदैयापुरवा मुख्य मार्ग पर विद्युत विभाग की गंभीर लापरवाही सामने आई है। यहां 11000 केवी का एक फेस बॉक्स लगभग एक साल से खुला पड़ा है, जिससे किसी बड़े हादसे का खतरा बना हुआ है। यह मुख्य मार्ग वेलहन महेशपुर ग्राम सभा में स्थित है और सीधे वैवाही रामपुर की ओर जाता है। ग्रामीणों के अनुसार, इस मार्ग पर चौबीसों घंटे आवागमन रहता है, जिसमें छोटे बच्चे भी खेतों की ओर आते-जाते हैं। खुले फेस बॉक्स के कारण कभी भी गंभीर दुर्घटना हो सकती है। स्थानीय निवासियों ने बताया कि उन्होंने इस संबंध में कई बार विद्युत विभाग से शिकायत की है, लेकिन उनकी समस्या का समाधान अब तक नहीं किया गया। शिकायत करने वालों में काशीराम, रामदीन, जगदीश, गोपी, संजय मलिक, चांद और जुड़वान जैसे ग्रामीण शामिल हैं। ग्रामीणों ने जब नजदीकी लाइनमैन से संपर्क किया, तो उन्हें कथित तौर पर ‘हम क्या कर सकते हैं?’ जैसा जवाब मिला। इस पर ग्रामीणों ने सवाल उठाया कि यदि वे कुछ नहीं करेंगे तो कौन करेगा, लेकिन उन्हें कोई संतोषजनक उत्तर नहीं मिला। ग्रामीणों ने प्रशासन से इस गंभीर लापरवाही पर तत्काल कार्रवाई की मांग की है। जेई से संपर्क करने पर उन्होंने बताया कि यह समस्या हर जगह मौजूद है।
बहराइच में 11000 KV फेस बॉक्स एक साल से खुला: हादसे का खतरा, ग्रामीणों की शिकायत पर कार्रवाई नहीं – Vaibahi(Nanpara) News
बहराइच के मिहींपुरवा तहसील अंतर्गत भदैयापुरवा मुख्य मार्ग पर विद्युत विभाग की गंभीर लापरवाही सामने आई है। यहां 11000 केवी का एक फेस बॉक्स लगभग एक साल से खुला पड़ा है, जिससे किसी बड़े हादसे का खतरा बना हुआ है। यह मुख्य मार्ग वेलहन महेशपुर ग्राम सभा में स्थित है और सीधे वैवाही रामपुर की ओर जाता है। ग्रामीणों के अनुसार, इस मार्ग पर चौबीसों घंटे आवागमन रहता है, जिसमें छोटे बच्चे भी खेतों की ओर आते-जाते हैं। खुले फेस बॉक्स के कारण कभी भी गंभीर दुर्घटना हो सकती है। स्थानीय निवासियों ने बताया कि उन्होंने इस संबंध में कई बार विद्युत विभाग से शिकायत की है, लेकिन उनकी समस्या का समाधान अब तक नहीं किया गया। शिकायत करने वालों में काशीराम, रामदीन, जगदीश, गोपी, संजय मलिक, चांद और जुड़वान जैसे ग्रामीण शामिल हैं। ग्रामीणों ने जब नजदीकी लाइनमैन से संपर्क किया, तो उन्हें कथित तौर पर ‘हम क्या कर सकते हैं?’ जैसा जवाब मिला। इस पर ग्रामीणों ने सवाल उठाया कि यदि वे कुछ नहीं करेंगे तो कौन करेगा, लेकिन उन्हें कोई संतोषजनक उत्तर नहीं मिला। ग्रामीणों ने प्रशासन से इस गंभीर लापरवाही पर तत्काल कार्रवाई की मांग की है। जेई से संपर्क करने पर उन्होंने बताया कि यह समस्या हर जगह मौजूद है।





































