
श्रावस्ती जिले के जमुनहा ब्लॉक क्षेत्र के नासिरगंज और चौगाई में अलविदा जुमे की नमाज शांतिपूर्ण ढंग से अदा की गई। इस अवसर पर शिया समुदाय ने यौमे कुदस मनाया और बैतुल मुकद्दस की आजादी के लिए विशेष दुआएं मांगीं। नासिरगंज स्थित शिया जामा मस्जिद और चौगाई में बड़ी संख्या में नमाजियों ने शिरकत की। नमाज के बाद उलेमाओं ने बैतुल मुकद्दस के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि यह मुसलमानों का पहला किबला है, जिसका इस्लाम में विशेष स्थान है। नमाज के उपरांत बैतुल मुकद्दस की सुरक्षा और उसकी आजादी के लिए विशेष दुआएं की गईं। उलेमाओं ने यह भी बताया कि बैतुल मुकद्दस को लेकर फिलिस्तीन और इजराइल के बीच लंबे समय से विवाद जारी है। इसी कारण दुनिया भर के मुसलमान इसकी आजादी के लिए दुआ करते हैं और यौमे कुदस मनाते हैं। नमाज के दौरान सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद रही। प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद था और नासिरगंज तथा चौगाई में मस्जिदों के आसपास पर्याप्त पुलिस बल तैनात किया गया था, जिससे यह आयोजन शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हो सका।



































