ईरान के साथ 35 दिनों की जंग में अमेरिका को पहली बार बड़ा झटका लगा है। ईरानी मीडिया ने दावा किया है उसके हवाई क्षेत्र में एक अमेरिकी विमान को मार गिराया गया है। इस बीच एक अमेरिकी अधिकारी ने भी अमेरिकी विमान को मार गिराने की पुष्टि की है। अधिकारी का कहना है कि अमेरिकी सेना बचाव और खोज अभियान चला रही है।
ईरानी मीडिया का दावा है कि गिराया गया विमान एफ-35 है। मगर स्वतंत्र तौर पर इसकी पुष्टि नहीं हो सकी है। ईरानी मीडिया के दावे के मुताबिक दो अमेरिकी सैनिक ईरानी सीमा के अंदर से लापता हैं। दोनों पायलट देश के पश्चिमी हिस्से में अलग-अलग स्थानों पर गिरे हैं। अपने पायलटों की तलाश में अमेरिका ने हवाई-ड्रॉप ऑपरेशन किए। इसके बाद से ईरान की थल सेना और अमेरिकी सेना के बीच भीषण झड़प की खबर है।
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अमेरिकी अखबार न्यूयॉर्क टाइम्स ने भी अपनी रिपोर्ट में इजरायली और अमेरिकी अधिकारियों के हवाले से फाइटर जेट मार गिराने की पुष्टि की। इस बीच दक्षिण-पश्चिमी ईरान के गवर्नर ने ऐलान किया कि जो भी अमेरिकी विमान के चालक दल को पकड़ेगा या मारेगा, उसे विशेष तौर पर सम्मानित किया जाएगा।
ईरान के सरकारी टीवी ने अमेरिकी पायलटों को ढूंढने वाले को 53.2 लाख रुपये इनाम देने की घोषणा की। एक रिपोर्टर ने कोहगिलुयेह और बोयेर-अहमद प्रांत के लोगों से अपील की कि अगर आप दुश्मन के पायलटों को जीवित पकड़कर पुलिस और सैन्य बलों के हवाले कर देते हैं तो आपको पुरस्कार और बोनस मिलेगा।
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक ईरान के खुजेस्तान प्रांत में अमेरिका सेना और ईरान की थलसेना के बीच झड़प चल रही है। ईरानी मीडिया ने विमान के मलबे और सीट की तस्वीर भी जारी की। मगर सबसे बड़ा सवाल यह है कि अमेरिकी पायलट कहां हैं? अमेरिकी सेना अपने पायलटों को बचाने में जुटी है। ईरान के हवाई क्षेत्र में कई अमेरिकी हेलीकॉप्टर घुसे। मगर ईरान ने एक हेलीकॉप्टर पर भी हमला कर दिया। इसके बाद अमेरिकी हेलीकॉप्टरों को पीछे हटना पड़ा।
28 फरवरी के बाद से अमेरिका को कतर के ऊपर तीन एफ 15 विमानों को खोना पड़ा। वहीं एक एफ-35 विमान को नुकसान पहुंचा। इसके बाद उसकी मध्य पूर्व में स्थित एक अमेरिकी एयरबेस पर इमरजेंसी लैंडिंग करनी पड़ी। युद्ध के बाद से ही अमेरिका को 16 एमक्यू-9 रीपर ड्रोन खोने पड़े।
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अगर पायलट नहीं मिले तो क्या होगा?
सबसे बड़ा सवाल यह है कि अगर अमेरिका को उसके पायलट नहीं मिलते हैं तो क्या होगा? कुछ विशेषज्ञों का मानना है कि यह घटना युद्ध में निर्णायक मोड़ साबित हो सकती है। अमेरिका ईरान के खिलाफ विध्वंसक कार्रवाई कर सकता है। अगर ईरान को अमेरिका पालयट मिल गए तो क्या होगा? एक संभावना यह है कि ईरान इसे अपनी जीत के तौर पर पेश कर सकता है। पायलटों के बदले अमेरिका से कड़ी बातचीत कर सकता है। टीवी पर अमेरिकी पायलटों पेश कर सकता है, ताकि जनता में जीत का संदेश भेजा जा सके।











