प्रयागराज । उत्तर प्रदेश सरकार के आयुष विभाग के राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) दयाशंकर मिश्र ‘दयालु’ ने बुधवार को सर्किट हाउस में राजकीय आयुर्वेद कॉलेज हंडिया, राजकीय होम्योपैथिक कॉलेज और राजकीय यूनानी कॉलेज के प्रधानाचार्यों एवं विभागीय अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की।
बैठक में उन्होंने अस्पतालों में दवाओं की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करने और मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं प्रदान करने के निर्देश दिए। मंत्री ने कहा कि जिन अस्पतालों में दवाओं की कमी है, उसकी सूचना तत्काल उपलब्ध कराई जाए ताकि आवश्यक दवाओं की आपूर्ति समय रहते की जा सके। उन्होंने अधिकारियों को मांग और आवश्यकता के अनुसार दवाओं की खरीद करने तथा अधिक उपयोग में आने वाली दवाओं को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए।
बैठक में मंत्री ने चिकित्सकों को ओपीडी में आने वाले मरीजों को बाहर की दवाएं न लिखने की हिदायत दी। साथ ही अस्पतालों में ओपीडी की संख्या बढ़ाकर अधिक से अधिक मरीजों का सुचारू उपचार सुनिश्चित करने पर बल दिया।
दयाशंकर मिश्र ने कहा कि प्रदेश सरकार सभी नागरिकों को बेहतर चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है। स्वास्थ्य सेवाओं में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और दोषी अधिकारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने अस्पतालों में स्वच्छ पेयजल, साफ-सफाई, शौचालय और अन्य मूलभूत सुविधाओं को बेहतर बनाए रखने के निर्देश भी दिए, ताकि बुजुर्गों, महिलाओं और बच्चों को किसी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े। साथ ही आयुष चिकित्सा पद्धतियों के व्यापक प्रचार-प्रसार पर भी जोर दिया।
बैठक में विभागीय अधिकारियों ने विभिन्न अस्पतालों की व्यवस्थाओं और स्वास्थ्य सेवाओं से संबंधित जानकारी प्रस्तुत की। मंत्री ने सभी संस्थानों को मरीजों के हित में सेवाओं को और अधिक प्रभावी एवं व्यवस्थित बनाने के निर्देश दिए।












