
बस्ती में नशीली दवाओं के अवैध कारोबार के खिलाफ चल रही कार्रवाई के तहत फास्ट ट्रैक कोर्ट द्वितीय ने कोडीन युक्त कफ सिरप तस्करी मामले में बड़ा कदम उठाया है। अदालत ने मुख्य आरोपी के बैंक खाते में जमा 8 लाख 95 हजार 548 रुपये की धनराशि को अपराध से अर्जित संपत्ति मानते हुए कुर्क करने का आदेश दिया है। अपर सत्र न्यायाधीश विजय कुमार कटियार ने मामले की सुनवाई करते हुए गणपति फार्मा से जुड़े आरोपी पंकज कुमार के वाराणसी स्थित एक निजी बैंक खाते में जमा राशि को तत्काल प्रभाव से फ्रीज करने के निर्देश दिए। न्यायालय के आदेश के बाद संबंधित बैंक को उक्त धनराशि को सुरक्षित रखते हुए आवश्यक प्रक्रिया पूरी करने के निर्देश दिए गए हैं। अभियोजन पक्ष के अनुसार, आरोपी पंकज कुमार का संबंध कोडीन युक्त प्रतिबंधित कफ सिरप के अवैध कारोबार से रहा है। जांच एजेंसियों की रिपोर्ट में सामने आया कि आरोपी फर्म के नाम से संचालित बैंक खाते का उपयोग अवैध वित्तीय लेनदेन के लिए किया जा रहा था और खाते में जमा धनराशि इसी अवैध धंधे से अर्जित की गई थी। क्षेत्राधिकारी सदर सत्येंद्र भूषण तिवारी ने बताया कि थाना कोतवाली बस्ती में वर्ष 2023 में मुकदमा अपराध संख्या 466/2023 एनडीपीएस एक्ट की सुसंगत धाराओं में दर्ज किया गया था। जांच के दौरान कई अभियुक्तों की गिरफ्तारी की गई और उन्हें जिला कारागार भेजा गया। इसी मामले में बोगस फर्म गणपति फार्मा के मालिक पंकज कुमार को भी गिरफ्तार कर न्यायिक अभिरक्षा में निरुद्ध किया गया है। तिवारी ने यह भी बताया कि जांच में सामने आई अवैध कमाई के आधार पर न्यायालय के आदेश से आरोपी के वाराणसी स्थित बैंक खाते में जमा 8.95 लाख रुपये की राशि कुर्क कराई गई है। साथ ही, मामले से जुड़े अन्य आरोपियों की संपत्तियों की भी तस्दीक की जा रही है और अवैध रूप से अर्जित संपत्ति के जब्तीकरण की कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।
































