विशेश्वरगंज कंछर, गुरुवार को हनुमान मंदिर परिसर में हिंदू समाज द्वारा एक सम्मेलन आयोजित किया गया। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के प्रांत सामाजिक समरसता प्रांतीय प्रमुख राज किशोर ने मुख्य अतिथि के रूप में दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। राज किशोर ने सनातन संस्कृति और सामाजिक समरसता के महत्व पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि हिंदू समाज को संगठित करने के लिए व्यक्तियों को स्वयं में बदलाव लाना होगा। उन्होंने चिंता व्यक्त की कि समाज में लोग अब एक साथ बैठकर खान-पान भी नहीं करते, जिससे आपसी दूरियां बढ़ रही हैं। राज किशोर ने भारत में समाज की सुरक्षा से जुड़ी चुनौतियों पर भी प्रकाश डाला। उन्होंने इन चुनौतियों का मूल कारण सामाजिक भेदभाव और आपसी बिखराव को बताया। उन्होंने सभी से इन गंभीर विषयों पर चिंतन-मनन करने का आग्रह किया और सम्मेलन को प्रेरणादायक बताया। सम्मेलन में जय प्रकाश (संत समाज), राम नरेश (वंचित समाज समरसता), यशवंत लाल तिवारी और वेद प्रकाश द्विवेदी (गायत्री परिवार) जैसे गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन रवि शुक्ल ने किया, जिसकी शुरुआत सतेंद्र गिरि के हिंदू संरक्षण गीत से हुई। अपने संबोधन में राज किशोर ने दोहराया कि सामाजिक समरसता ही समाज और राष्ट्र को सशक्त बनाती है। उन्होंने कहा कि सभी वर्गों को साथ लेकर चलना ही हिंदू समाज की वास्तविक शक्ति है। ब्लॉक प्रमुख प्रतिनिधि राकेश पांडेय ने मंच पर उपस्थित अतिथियों को अंगवस्त्र भेंट कर सम्मानित किया। उन्होंने हिंदू समाज में एकता, भाईचारे और सांस्कृतिक मूल्यों को मजबूत करने पर जोर दिया। पांडेय ने युवाओं से सामाजिक और राष्ट्रहित के कार्यों में सक्रिय रूप से भाग लेने का आह्वान भी किया। इस अवसर पर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के अशोक पांडेय, कृष्ण मोहन शुक्ल, सर्वेश मिश्र, ज्ञान प्रकाश गिरि, कृष्ण कुमार गिरि, सचिन कुमार गिरि, विद्यानंद गिरि, रामतेज मिश्रा, उदय गोस्वामी, राजकुमार शुक्ल सहित कई अन्य हिंदू समाज के सदस्य उपस्थित थे। विभिन्न वक्ताओं ने हिंदू समाज की एकता, संस्कृति और राष्ट्र निर्माण में उसकी भूमिका पर अपने विचार साझा किए।
बहराइच में हनुमान मंदिर में हिंदू सम्मेलन संपन्न: दीप प्रज्वलन, सामाजिक समरसता पर दिया जोर – Kanchhar(Payagpur) News
विशेश्वरगंज कंछर, गुरुवार को हनुमान मंदिर परिसर में हिंदू समाज द्वारा एक सम्मेलन आयोजित किया गया। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के प्रांत सामाजिक समरसता प्रांतीय प्रमुख राज किशोर ने मुख्य अतिथि के रूप में दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। राज किशोर ने सनातन संस्कृति और सामाजिक समरसता के महत्व पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि हिंदू समाज को संगठित करने के लिए व्यक्तियों को स्वयं में बदलाव लाना होगा। उन्होंने चिंता व्यक्त की कि समाज में लोग अब एक साथ बैठकर खान-पान भी नहीं करते, जिससे आपसी दूरियां बढ़ रही हैं। राज किशोर ने भारत में समाज की सुरक्षा से जुड़ी चुनौतियों पर भी प्रकाश डाला। उन्होंने इन चुनौतियों का मूल कारण सामाजिक भेदभाव और आपसी बिखराव को बताया। उन्होंने सभी से इन गंभीर विषयों पर चिंतन-मनन करने का आग्रह किया और सम्मेलन को प्रेरणादायक बताया। सम्मेलन में जय प्रकाश (संत समाज), राम नरेश (वंचित समाज समरसता), यशवंत लाल तिवारी और वेद प्रकाश द्विवेदी (गायत्री परिवार) जैसे गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन रवि शुक्ल ने किया, जिसकी शुरुआत सतेंद्र गिरि के हिंदू संरक्षण गीत से हुई। अपने संबोधन में राज किशोर ने दोहराया कि सामाजिक समरसता ही समाज और राष्ट्र को सशक्त बनाती है। उन्होंने कहा कि सभी वर्गों को साथ लेकर चलना ही हिंदू समाज की वास्तविक शक्ति है। ब्लॉक प्रमुख प्रतिनिधि राकेश पांडेय ने मंच पर उपस्थित अतिथियों को अंगवस्त्र भेंट कर सम्मानित किया। उन्होंने हिंदू समाज में एकता, भाईचारे और सांस्कृतिक मूल्यों को मजबूत करने पर जोर दिया। पांडेय ने युवाओं से सामाजिक और राष्ट्रहित के कार्यों में सक्रिय रूप से भाग लेने का आह्वान भी किया। इस अवसर पर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के अशोक पांडेय, कृष्ण मोहन शुक्ल, सर्वेश मिश्र, ज्ञान प्रकाश गिरि, कृष्ण कुमार गिरि, सचिन कुमार गिरि, विद्यानंद गिरि, रामतेज मिश्रा, उदय गोस्वामी, राजकुमार शुक्ल सहित कई अन्य हिंदू समाज के सदस्य उपस्थित थे। विभिन्न वक्ताओं ने हिंदू समाज की एकता, संस्कृति और राष्ट्र निर्माण में उसकी भूमिका पर अपने विचार साझा किए।























