फर्रुखाबाद । उत्तर प्रदेश के फर्रुखाबाद जिले के कायमगंज क्षेत्र में पुलिस ने शनिवार को जीएसटी चोरी के एक बड़े संगठित गिरोह का भंडाफोड़ किया है। फर्जी फर्मों के नाम पर तंबाकू की ढुलाई कर भारी मात्रा में जीएसटी चोरी करने वाले ट्रांसपोर्टर राजीव तिवारी को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस का कहना है कि इस धोखाधड़ी के तार कुख्यात ‘जुबैर गैंग’ से भी जुड़े हो सकते हैं।
मुखबिर की सूचना पर हुई कार्रवाई
कायमगंज पुलिस को एक मुखबिर से गुप्त सूचना मिली थी कि ग्राम नुनवारा निवासी राजीव तिवारी फर्जी कंपनियों के माध्यम से तंबाकू की ढुलाई कर जीएसटी चोरी का खेल चला रहा है। प्रभारी निरीक्षक **एम.एम. चतुर्वेदी** के नेतृत्व में पुलिस टीम ने तुरंत कार्रवाई करते हुए राजीव तिवारी को हिरासत में ले लिया। राजीव तिवारी इलाके में एक ट्रांसपोर्ट कंपनी चलाता है।
धोखाधड़ी का तरीका
पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी राजीव तिवारी अपने साथियों के साथ मिलकर पहले फर्जी फर्में रजिस्टर कराता था और उन फर्मों के नाम पर जीएसटी नंबर प्राप्त करता था। इसके बाद वह व्यापारियों को माल (खासकर तंबाकू) की ढुलाई के लिए वाहन उपलब्ध कराता था।
पूरी प्रक्रिया में आरोपी फर्जी ई-वे बिल और कूटरचित बिल्टी तैयार करता था। माल की डिलीवरी गलत पतों पर दिखाई जाती थी, जिससे वास्तविक लेन-देन छिप जाता था और सरकार को जीएसटी राजस्व का भारी नुकसान होता था। यह एक सुनियोजित सिंडिकेट था, जिसमें फर्जी दस्तावेजों के जरिए करोड़ों रुपये की कर चोरी की जा रही थी।
मामले का खुलासा कैसे हुआ
इस पूरे गोरखधंधे का पर्दाफाश तब हुआ जब ग्राम करनपुर के एक व्यक्ति को इस धोखाधड़ी की जानकारी लगी। उसने थाने पहुंचकर फर्जी दस्तावेज तैयार करने और जीएसटी चोरी की शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने जब जांच शुरू की तो एक बड़े नेक्सस की परतें खुलने लगीं।
पूछताछ और बरामदगी
कड़ी पूछताछ में राजीव तिवारी ने स्वीकार किया कि वह अन्य लोगों के साथ मिलकर इस सिंडिकेट को चला रहा था। पुलिस ने आरोपी के पास से फर्जी फर्मों से जुड़े अहम दस्तावेज, बिल्टी-बिल की फोटोकॉपी और दो मोबाइल फोन बरामद किए हैं। आरोपी ने गिरोह के अन्य सदस्यों के नाम और उनके ठिकानों की भी महत्वपूर्ण जानकारी पुलिस को दी है।
पहले से गिरफ्तार आरोपी
पुलिस ने इस मामले में पहले ही तीन अन्य आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। अब राजीव तिवारी से मिली नई जानकारी के आधार पर फरार चल रहे बाकी सदस्यों की तलाश में पुलिस अलग-अलग जगहों पर दबिश दे रही है।
आगे की कार्रवाई
कायमगंज पुलिस का दावा है कि पूरे गिरोह का जल्द ही सफाया कर दिया जाएगा। मामले की जांच जारी है और जीएसटी विभाग को भी इसकी जानकारी दे दी गई है ताकि कर चोरी की पूरी राशि का आकलन किया जा सके। यह गिरफ्तारी फर्रुखाबाद पुलिस की सक्रियता को दर्शाती है और फर्जी फर्मों के जरिए जीएसटी चोरी करने वाले संगठित गिरोहों के खिलाफ सख्त कार्रवाई का संदेश देती है।












