चंद्रपुर: पैसों के लालच में अपने ही कलेजे के टुकड़ों का सौदा करने वाली एक बेरहम महिला ने अपनी दो मासूम संतानों को चार लाख रुपये में बेचने के बाद अपनी ही 15 वर्षीय नाबालिग बेटी के नवजात शिशु को भी बेचने की साजिश रच डाली। हालांकि रामनगर पुलिस की सतर्कता से इस सनसनीखेज मानव तस्करी रैकेट का पर्दाफाश हो गया। पुलिस ने बच्चों को बेचने वाली मां और बच्चों को खरीदने वाली दो महिलाओं सहित कुल तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया।
मुख्य आरोपी अभी भी फरार
पुलिस ने बेचे गए दोनों मासूम बच्चों को संरक्षण हेतु अनाथालय भेज दिया है। इस पूरे मामले का मुख्य सूत्रधार अजय फुलझेले फिलहाल फरार बताया जा रहा है। इसकी पुलिस तलाश कर रही है। इस मामले में पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ मानव तस्करी निरोधक कानून (एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग) और पॉक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज किया है।
जानकारी के अनुसार, आरोपी महिला के पति की कुछ वर्ष पूर्व मृत्यु हो गई थी। इसके बाद उसकी पहचान अजय फुलझेले से हुई। फिर दोनों लिव-इन रिलेशनशिप में रहने लगे। इसी दौरान अजय की नजर उसकी नाबालिग लड़की पर पड़ी और उसने कथित रूप से उसके साथ दुष्कर्म किया। इसके बाद लड़की गर्भवती हो गई। बदनामी के भय से अजय और आरोपी महिला ने उसकी नाबालिग बेटी को प्रसूति के लिए नागपुर मेडिकल कॉलेज लेकर गए। अस्पताल प्रशासन को गुमराह करने के लिए उन्होंने यह झूठी कहानी गढ़ी कि “बाढ़ की स्थिति में उनके सभी दस्तावेज बह गए”। लड़की की उम्र 20 वर्ष बताई परंतु मेडिकल जांच के दौरान डॉक्टरों को लड़की की उम्र संदिग्ध लगी। इसके बाद उन्होंने तत्काल नागपुर के अजनी पुलिस को सूचना दी।
ऐसे हुआ मामले का खुलासा
अजनी पुलिस ने मामले में ‘जीरो एफआईआर’ दर्ज कर प्रकरण चंद्रपुर पुलिस को सौंप दिया। इस मामले में चंद्रपुर के रामनगर पुलिस ने पीड़ित नाबालिग का विस्तृत बयान दर्ज किया। पूछताछ के दौरान पुलिस को संदेह हुआ कि मामला केवल यौन उत्पीड़न तक सीमित नहीं है बल्कि इसके पीछे मानव तस्करी का बड़ा नेटवर्क भी सक्रिय हो सकता है। इसके बाद पुलिस ने आरोपी महिला को हिरासत में लेकर कड़ाई से पूछताछ की जिसमें चौंकाने वाला खुलासा हुआ। महिला ने कबूल किया कि वह पहले ही अपने दो बच्चों को दो-दो लाख रुपये में बेच चुकी है। इतना ही नहीं तो नाबालिग बेटी से जन्मे नवजात शिशु को भी बेचने की तैयारी चल रही थी।
इस खुलासे के बाद पुलिस ने मानव तस्करी की धाराएं जोड़ते हुए कार्रवाई तेज कर दी। पुलिस ने बच्चा खरीदने वाली एक महिला को तेलंगाना के कागजनगर से और दूसरी महिला को चंद्रपुर से गिरफ्तार किया। साथ ही दोनों बच्चों को शहर के अनाथालय में सुरक्षित रखा गया है।












