Homeक्राइम (Crime)गांव के बीच शराब ठेका बना ‘संकट का केंद्र’

गांव के बीच शराब ठेका बना ‘संकट का केंद्र’

मथुरा : आबादी के बीच संचालित शराब ठेके को लेकर ग्रामीणों का आक्रोश अब चरम पर पहुंचता दिख रहा है। पिछले 12 दिनों से जारी धरना रविवार को उस वक्त उग्र हो गया, जब प्रदर्शनकारियों ने अर्धनग्न होकर प्रशासन के खिलाफ जोरदार विरोध दर्ज कराया और ठेका हटाने की मांग को लेकर नारेबाजी की।

धरनास्थल पर बड़ी संख्या में मौजूद महिलाओं और युवाओं ने सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंता जताई। उनका कहना है कि गांव के बीच शराब ठेका होने से असामाजिक तत्वों का जमावड़ा लगा रहता है, जिससे महिलाओं और बेटियों का घर से बाहर निकलना मुश्किल हो गया है। ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया कि इससे गांव का सामाजिक वातावरण लगातार बिगड़ रहा है।

Also Read: UP: ‘ऑपरेशन दहन’ के तहत मुगलसराय पुलिस का बड़ा एक्शन, 528 किलो गांजा किया गया नष्ट, कीमत 1 करोड़ से अधिक 

प्रदर्शनकारियों ने प्रशासन और आबकारी विभाग पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए चेतावनी दी कि यदि जल्द ही ठेका आबादी क्षेत्र से बाहर नहीं हटाया गया, तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। ग्रामीणों ने चक्का जाम और बड़े स्तर पर विरोध प्रदर्शन की भी चेतावनी दी है, जिसकी जिम्मेदारी पूरी तरह प्रशासन की होगी।

धरने में अवधेश रावत, मुकेश सिंह रावत, चंद्रपाल (सरपंच), संजय मास्टर, कुंज भोज, आंसू चौधरी, ओमवीर, सत्येंद्र, देवेंद्र, गिर्राज, अतर सिंह, जबर सिंह, हरिमोहन, प्रताप सिंह, विजय सिंह, गुड्डू, रनबीर, जगदीश, घनश्याम और मुख्तयार सहित सैकड़ों ग्रामीण शामिल रहे।

 

(देश और दुनिया की खबरों के लिए हमें फेसबुक पर ज्वॉइन करें, आप हमें ट्विटर पर भी फॉलो कर सकते हैं.)


#उत्तरप्रदेश #उत्तरप्रदेशन्यूज़ #यूपीन्यूज़ #UPNews #UttarPradeshNews #HindiNews #BreakingNews #आजकीखबर #ताज़ाखबर #यूपीसमाचार

RELATED ARTICLES
- Advertisment -
Google search engine

Most Popular

Recent Comments