उन्नाव। नवागत जिलाधिकारी के सख्त रुख के चलते दिन में ओवर लोड वाहनों कि आवक में जरूर कुछ कमी देखने को मिल रही है लेकिन रात और भोर के समय ओवरलोड वाहनों की आवाजाही तेज हो जाती है, यह समय इनके संचालन के लिए सबसे मुफीद माना जा रहा है। जाजमऊ चेक गेट और ऑटो चालान सिस्टम से बचने के लिए वाहन चालक अब नए-नए तरीके अपना रहे हैं। कई ट्रक नंबर प्लेट पर गोबर, मिट्टी या कालिख लगाकर अथवा कपड़ा बांधकर सड़कों पर दौड़ रहे हैं, ताकि कैमरों और जांच से बचा जा सके। खनन विभाग के अनुसार चेक गेट लगने के बाद धरातल पर फिजिकल चेकिंग बढ़ी है, लेकिन एमवी एक्ट उनके दायरे में नहीं आता, जिससे कार्रवाई में दिक्कतें आती हैं। विभाग का कहना है कि वह केवल खनिज ढोने वाले वाहनों पर ही मानकों के तहत कार्रवाई कर सकता है, जबकि अन्य मामलों में परिवहन विभाग की जिम्मेदारी होती है।
चालान से बचने का नया खेल, नंबर प्लेट से छेड़छाड़
उन्नाव। जाजमऊ चेक गेट और ऑटो चालान सिस्टम से बचने के लिए ओवरलोड ट्रक चालकों ने नया तरीका अपना लिया है। कई वाहन बिना नंबर प्लेट, उल्टी प्लेट या उस पर कालिख, गोबर और कपड़ा लगाकर सड़कों पर दौड़ रहे हैं, ताकि कैमरों में पहचान न हो सके। इससे न सिर्फ नियमों की धज्जियां उड़ रही हैं, बल्कि हादसा होने पर वाहनों की पहचान भी मुश्किल हो सकती है। लोगों ने प्रशासन से ऐसे वाहनों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
हादसों के बाद विभागीय तैयारियों पर सबकी नजर…
उन्नाव। बक्सर–बिहार मार्ग पर हुए भीषण हादसे में छह लोगों की मौत के बाद की गई जांच में यह मार्ग भारी वाहनों के लिए असुरक्षित पाया गया। बता दे कि एक हफ्ता पूर्व 29 अप्रैल को तेज रफ्तार डंपर ने बोलेरो गाड़ी को जोरदार टक्कर मारकर फरार हो गया था। इस दर्दनाक दुर्घटना में एक ही परिवार के 6 लोगों की मौत दर्दनाक मौत हो गई थी। जानकारी के अनुसार चालक की अबतक गिरफ्तारी नहीं हो सकी। ओवरलोडिंग, तेज रफ्तार और ट्रैफिक का अत्यधिक दबाव दुर्घटना के मुख्य कारण रहे। हालांकि अधिकारियों ने भारी वाहनों की आवाजाही पर रोक, हाईटगेज लगाने और सख्त कार्रवाई की सिफारिश की है, ताकि ऐसे हादसों की पुनरावृत्ति रोकी जा सके। ऐसे में भविष्य में यह देखने वाली बात होंगी कि दुर्घटना पर रोकथाम के लिए विभाग द्वारा उठाए गए कदम कितने कारगर साबित होते है।
क्या बोले खनन अधिकारी?
मामले में खनन अधिकारी मनीष यादव से बात की गयी तो उन्होंने बताया कि खनन विभाग केवल वाहनों से जाने वाले मिनिरल कैरी करेगा उनके मानको पर कार्यवाही करेगा बाकी एमवी एक्ट आरटीओ के दायरे में आता है। ज़ब से चेक गेट लगा है फिजिकल चेकिंग बढ़ गयी है।
क्या बोले एआरटीओ?
मामले को लेकर जब एआरटीओ प्रवर्तन संजीव कुमार से बात की गई तो उन्होंने बताया कि उनकी टीम द्वारा ऐसे वाहनों पर कार्यवाही की जा रही जो नम्बर प्लेट से छेड़छाड़ कर रहे, अगर खाली है वाहन है तो पांच हजार रुपए का चालान किया जा रहा है अगर ओवरलोड वाहन है तो उसको बंद भी किया जाता है। ये लोग कही न कही कैमरे से बचने के लिए नंबरों के साथ छेड़छाड़ करते है। हम लोग कार्यवाही कर रहे हैं।












