HomeHealth & Fitnessघाघरा का जलस्तर बढ़ने पर प्रशासन अलर्ट

घाघरा का जलस्तर बढ़ने पर प्रशासन अलर्ट

बाराबंकी । पहाड़ी क्षेत्रों में लगातार हो रही बारिश के कारण उत्तर प्रदेश के कई जिलाें में घाघरा नदी का जलस्तर बढ़ने लगा है। जनपद बाराबंकी में संभावित बाढ़ की स्थिति को देखते हुए बाराबंकी की उपजिलाधिकारी आकांक्षा गुप्ता ने गुरुवार को तहसील क्षेत्र के तटवर्ती गांव तपेसिपाह का स्थलीय निरीक्षण कर बाढ़ सुरक्षा एवं राहत तैयारियों का जायजा लिया।

निरीक्षण के दौरान एसडीएम ने नदी किनारे हो रहे कटान वाले हिस्सों का निरीक्षण किया और राजस्व व सिंचाई विभाग के अधिकारियों को संवेदनशील स्थानों पर 24 घंटे निगरानी बनाए रखने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि नदी के जलस्तर की नियमित मॉनिटरिंग कर प्रत्येक घंटे की रिपोर्ट तहसील कंट्रोल रूम को उपलब्ध कराई जाए।

एसडीएम ने ग्रामीणों से संवाद कर उन्हें सतर्क रहने की सलाह दी। उन्होंने बताया कि प्रशासन ने सभी बाढ़ चौकियों को सक्रिय कर दिया है तथा नाव, लाइफ जैकेट, टॉर्च, रस्सी सहित राहत एवं बचाव से संबंधित सभी आवश्यक संसाधन तैयार रखे गए हैं।

उन्होंने संबंधित विभागों को निर्देश दिए कि लेखपाल एवं ग्राम सचिव प्रतिदिन गांव की स्थिति की जानकारी उपलब्ध कराएं। स्वास्थ्य विभाग बुखार, डायरिया और सर्पदंश जैसी आपात स्थितियों से निपटने के लिए दवाओं एवं मेडिकल टीम की व्यवस्था सुनिश्चित करे। वहीं पशुपालन विभाग पशुओं के लिए भूसा-चारा और टीकाकरण की व्यवस्था बनाए रखे। साथ ही जलस्तर खतरे के निशान के करीब पहुंचने पर प्रभावित परिवारों को तत्काल सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने की तैयारी रखने के निर्देश दिए गए।

एसडीएम आकांक्षा गुप्ता ने बताया कि केंद्रीय जल आयोग के एल्गिन ब्रिज स्टेशन से घाघरा नदी के जलस्तर पर लगातार नजर रखी जा रही है। फिलहाल नदी खतरे के निशान से नीचे बह रही है, लेकिन जलस्तर में लगातार वृद्धि हो रही है। एहतियात के तौर पर तपेसिपाह के अलावा बेलहरी, कोटवा, सरयू नगर सहित अन्य तटवर्ती गांवों में भी प्रशासन ने सतर्कता बढ़ा दी है।

निरीक्षण के दौरान तहसीलदार विपुल कुमार सिंह, नायब तहसीलदार, खंड विकास अधिकारी, एडीओ पंचायत, लेखपाल तथा सिंचाई विभाग के जूनियर इंजीनियर सहित संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।

RELATED ARTICLES
- Advertisment -
Google search engine

Most Popular