महराजगंज जनपद के नौतनवा थाना क्षेत्र अंतर्गत रामनगर गांव में उस समय हड़कंप मच गया, जब आबादी वाले इलाके के पास एक विशालकाय अजगर दिखाई दिया। अजगर के अचानक नजर आने से गांव में दहशत फैल गई और लोग अपने घरों में दुबक गए। बच्चों और बुजुर्गों की सुरक्षा को लेकर ग्रामीणों में विशेष चिंता देखी गई। सूचना मिलते ही वन विभाग की उत्तरी चौक रेंज की टीम तत्काल मौके पर पहुंची। वन कर्मियों ने सबसे पहले ग्रामीणों को सुरक्षित दूरी बनाए रखने की सलाह दी और क्षेत्र को घेरकर सुरक्षित किया। इसके बाद रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया गया। अजगर के विशाल आकार के कारण उसे काबू में करना चुनौतीपूर्ण रहा, लेकिन वन विभाग की टीम ने सूझबूझ और अनुभव का परिचय देते हुए कड़ी मशक्कत के बाद अजगर को सुरक्षित पकड़ लिया। रेस्क्यू के दौरान इस बात का विशेष ध्यान रखा गया कि न तो अजगर को कोई चोट पहुंचे और न ही ग्रामीणों की सुरक्षा में कोई चूक हो। अजगर को पकड़ने के बाद वन विभाग द्वारा उसकी प्राथमिक जांच की गई, जिसमें वह पूरी तरह स्वस्थ पाया गया। इसके बाद उसे विशेष वाहन से नजदीकी जंगल क्षेत्र में ले जाकर सुरक्षित रूप से छोड़ दिया गया। अजगर के सुरक्षित रेस्क्यू के बाद ग्रामीणों ने राहत की सांस ली और वन विभाग की टीम की सराहना की। ग्रामीणों का कहना था कि यदि वन विभाग समय पर नहीं पहुंचता, तो कोई बड़ी घटना घट सकती थी। वन विभाग के अधिकारियों ने लोगों से अपील की कि यदि कोई वन्यजीव आबादी क्षेत्र में दिखाई दे, तो घबराने के बजाय तुरंत वन विभाग या पुलिस को सूचना दें और स्वयं किसी प्रकार का जोखिम न उठाएं। विभाग के अनुसार, बारिश और भोजन की तलाश में वन्यजीव कभी-कभी रिहायशी इलाकों की ओर आ जाते हैं, ऐसे में सतर्कता और त्वरित सूचना से मानव और वन्यजीव दोनों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सकती है।
महराजगंज के रामनगर गांव में दिखा विशालकाय अजगर: वन विभाग ने सुरक्षित किया रेस्क्यू, टली अनहोनी – Nichlaul News
महराजगंज जनपद के नौतनवा थाना क्षेत्र अंतर्गत रामनगर गांव में उस समय हड़कंप मच गया, जब आबादी वाले इलाके के पास एक विशालकाय अजगर दिखाई दिया। अजगर के अचानक नजर आने से गांव में दहशत फैल गई और लोग अपने घरों में दुबक गए। बच्चों और बुजुर्गों की सुरक्षा को लेकर ग्रामीणों में विशेष चिंता देखी गई। सूचना मिलते ही वन विभाग की उत्तरी चौक रेंज की टीम तत्काल मौके पर पहुंची। वन कर्मियों ने सबसे पहले ग्रामीणों को सुरक्षित दूरी बनाए रखने की सलाह दी और क्षेत्र को घेरकर सुरक्षित किया। इसके बाद रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया गया। अजगर के विशाल आकार के कारण उसे काबू में करना चुनौतीपूर्ण रहा, लेकिन वन विभाग की टीम ने सूझबूझ और अनुभव का परिचय देते हुए कड़ी मशक्कत के बाद अजगर को सुरक्षित पकड़ लिया। रेस्क्यू के दौरान इस बात का विशेष ध्यान रखा गया कि न तो अजगर को कोई चोट पहुंचे और न ही ग्रामीणों की सुरक्षा में कोई चूक हो। अजगर को पकड़ने के बाद वन विभाग द्वारा उसकी प्राथमिक जांच की गई, जिसमें वह पूरी तरह स्वस्थ पाया गया। इसके बाद उसे विशेष वाहन से नजदीकी जंगल क्षेत्र में ले जाकर सुरक्षित रूप से छोड़ दिया गया। अजगर के सुरक्षित रेस्क्यू के बाद ग्रामीणों ने राहत की सांस ली और वन विभाग की टीम की सराहना की। ग्रामीणों का कहना था कि यदि वन विभाग समय पर नहीं पहुंचता, तो कोई बड़ी घटना घट सकती थी। वन विभाग के अधिकारियों ने लोगों से अपील की कि यदि कोई वन्यजीव आबादी क्षेत्र में दिखाई दे, तो घबराने के बजाय तुरंत वन विभाग या पुलिस को सूचना दें और स्वयं किसी प्रकार का जोखिम न उठाएं। विभाग के अनुसार, बारिश और भोजन की तलाश में वन्यजीव कभी-कभी रिहायशी इलाकों की ओर आ जाते हैं, ऐसे में सतर्कता और त्वरित सूचना से मानव और वन्यजीव दोनों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सकती है।





































