- युवाओं से आंदोलन में शामिल होने की अपील
खूंटी। जेपीएससी जेएसएससी सहित झारखंड की अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं में कथित अनियमितता और भ्रष्टाचार के विरोध में मुरहू प्रखंड के माहिल गांव निवासी गिरधारी महतो अकेले रविवार को खूंटी से रांची तक पैदल मार्च शुरू किया।
उन्होंने युवाओं से आंदोलन में शामिल होने की अपील की थी, लेकिन रविवार दोपहर 12 बजे तक उनके साथ कोई अन्य व्यक्ति नहीं जुड़ा। इसके बाद गिरधारी महतो अकेले ही अपने अभियान पर निकल पड़े। मार्च की शुरुआत से पहले उन्होंने खूंटी स्थित बिरसा पार्क में भगवान बिरसा मुंडा की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया। इसके बाद 24 घंटे की भूख हड़ताल का संकल्प लेते हुए हाथ में संविधान की पुस्तक और तिरंगा लेकर रांची के जयपाल सिंह स्टेडियम के लिए रवाना हुए। उनका लक्ष्य पैदल यात्रा पूरी कर जयपाल सिंह स्टेडियम पहुंचना है।
गिरधारी महतो ने कहा कि उनका आंदोलन किसी राजनीतिक दल, धार्मिक संगठन या किसी विशेष समूह से जुड़ा हुआ नहीं है। यह झारखंड के युवाओं के भविष्य और उनके अधिकारों से जुड़ा अभियान है। उन्होंने जेपीएससी, जेएसएससी सहित अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं में पारदर्शिता सुनिश्चित करने की मांग को लेकर यह पैदल यात्रा शुरू की है।
उन्होंने कहा कि राज्य के लाखों युवा वर्षों तक मेहनत और तैयारी करने के बाद प्रतियोगी परीक्षाओं में शामिल होते हैं। ऐसे में परीक्षा व्यवस्था में कथित अनियमितताओं के कारण युवाओं का भविष्य प्रभावित होना गंभीर चिंता का विषय है। इसी मुद्दे को लेकर उन्होंने खूंटी से रांची तक पैदल मार्च करने का निर्णय लिया। गिरधारी महतो ने कहा, “लोग साथ आएं या न आएं, मेरा संकल्प कमजोर नहीं होगा। नेक इरादे से शुरू किया गया यह आंदोलन सफलता हासिल करने तक जारी रहेगा।












