धनुरासन : धनुर का अर्थ होता है धनुष। धनुरासन एक ऐसा योग आसान है जो आपके शरीर को धनुष के आकार का बनाता है इसलिए इस आसान को धनुरासन कहते हैं। यह योग आसान सेहत के लिए बेहद फायदेमंद माना जाता है। इसे करने का सही तरीका क्या है और इससे सेहत को कौन से फायदे मिलते हैं?
धनुरासन करने के लिए सबसे पहले पेट के बल लेट जाएं। अब घुटनों को मोडकर अपने कूल्हों पर रखें। अपने हाथों से दोनों एड़ियों को ज़ोर से पकड़ें। अब गहरी सांस लेते हुए छाती और घुटनों को ज़मीन पर से एक साथ ही उठाना है इस बात का ध्यान रखें। आपके शरीर का पूरा भार पेट पर होना चाहिए। सिर और गर्दन को ऊंचा रखें और सामने की तरफ देखें। इसी पोश्चर में 15 से 30 सेकंड रुकें। अब धीरे धीरे सांस छोड़ते हुए पैरों और छाती को जमीन पर वापस लाएं। बाबा रामदेव कहते हैं कि जिन्हें हर्निया, बीपी की दिक्कत है उन्हें यह आसान नहीं करना चाहिए।
पाचन करता है बेहतर: धनुरासन करने से पाचन तंत्र मजबूत होता है। यह पेट के अंगों पर गहरा दबाव डालता है, जिससे आंतों की कार्यप्रणाली में सुधार होता है जिससे कब्ज, ब्लोटिंग जैसी परेशानियों में आराम मिलता है।
फेफड़ों को बनाता है मजबूत: धनुरासन को नियमित करने से फेफड़ मजबूत होते हैं। इस आसन को करने से सांस लेने की क्षमता बेहतर होती है जिससे फेफड़े में खिंचाव आता है जिससे छाती खुलती है और सांस संबंधी समस्याओं में सुधार होता है।
पीठ दर्द में आराम: धनुरासन के अभ्यास से रीढ़ की हड्डी में लचीलापन लाता है। अगर रीढ़ की हड्डी कठोर हो गई है तो उसे ठीक करने के लिए आप रोजाना धनुरासन करें। इसके अलावा यह पीठ दर्द में भी आराम देता है। अगर आपको सर्वाइकल की परेशानी है तब आप इस आसान को ज़रूर करें।












