किशनगंज। जिले के गलगलिया चेक पोस्ट पर राज्य कर विभाग और पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में फर्जी जीएसटी दस्तावेजों के सहारे कोयला परिवहन का बड़ा मामला उजागर हुआ है।
जांच के दौरान चार कोयला लदे ट्रकों को जब्त किया गया है, जबकि चालकों को पुलिस के सुपुर्द कर दिया गया है। जानकारी के अनुसार, राज्य कर उपायुक्त अर्जुन कुमार की जांच में वाहनों के कागजात में गंभीर अनियमितताएं पाई गईं।
पुलिस अधीक्षक संतोष कुमार ने बताया कि गलगलिया थानाध्यक्ष द्वारा चार ट्रकों (BR-06 GG 7455, HR-58 E 9832, BR-06 GG 9765 और BR-09 GC 7554) के जीएसटी बिल व्हाट्सएप के माध्यम से जांच के लिए भेजे गए थे।
इसके बाद राज्य कर उपायुक्त स्वयं चेक पोस्ट पहुंचे और गहन जांच की। जांच के दौरान सभी ट्रकों के कर-बीजक और ई-वे बिल में गड़बड़ी पाई गई। बीजक की श्रृंखला और निर्गत वर्ष गलत थे, जबकि जीएसटी नंबर मेघालय का और व्यवसाय स्थल असम दर्शाया गया था, जो संदेहास्पद पाया गया।
पूछताछ में चालकों ने बताया कि कोयला गुवाहाटी से लोड किया गया था और जीएसटी से जुड़े दस्तावेज उन्हें अलग-अलग ट्रांसपोर्टरों द्वारा उपलब्ध कराए गए थे।जांच में यह भी सामने आया कि सभी चालकों के मोबाइल में एक ही नंबर कॉमन था, जिसे “इंट्री कराने वाला” व्यक्ति बताया गया, जो बिहार में वाहनों को पास कराता है।
राज्य कर विभाग ने चारों ट्रकों और प्रस्तुत दस्तावेजों को फर्जी मानते हुए विधिवत जब्ती सूची तैयार कर वाहनों को थाना के सुपुर्द कर दिया है। इस मामले में वाहन चालक, मालिक, ट्रांसपोर्टर और संबंधित मोबाइल नंबर धारक समेत अन्य के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने के लिए आवेदन दिया गया है।
पुलिस अधीक्षक ने बताया कि संगठित तरीके से फर्जी जीएसटी कागजात तैयार कर अवैध कोयला परिवहन किया जा रहा था, जिसकी गहन जांच की जा रही है। गिरोह से जुड़े अन्य लोगों की पहचान कर कार्रवाई जारी है।












