जबलपुर। । मध्य प्रदेश के जबलपुर जिले के नुनसर चौकी क्षेत्र में रविवार को उस समय तनाव की स्थिति बन गई, जब कुर्मी क्षत्रिय समाज, ओबीसी महासभा और एससी-एसटी समुदाय के लोगों ने एकजुट होकर पुलिस चौकी का घेराव करते हुए जोरदार प्रदर्शन किया। मामला धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री के एक कथित बयान से जुड़ा है, जिसे लेकर विवाद खड़ा हो गया है।
दरअसल, छत्रपति शिवाजी महाराज पर कथित टिप्पणी के विरोध में ग्राम लुहारी (सूखा) निवासी अविनाश कुर्मी ने सोशल मीडिया पर वीडियो जारी कर अपनी प्रतिक्रिया दी थी। आरोप है कि इस प्रतिक्रिया के बाद कुछ लोगों ने उनके खिलाफ शिकायत दर्ज करा दी।
प्रदर्शनकारियों का कहना है कि शिकायत के आधार पर नुनसर चौकी प्रभारी विपिन तिवारी ने बिना निष्पक्ष जांच किए अविनाश कुर्मी को घर से उठाकर कार्रवाई की, जिससे समाज में भारी आक्रोश फैल गया। लोगों का आरोप है कि यह कदम पक्षपातपूर्ण है और एक समुदाय विशेष को निशाना बनाया गया है।
गुस्साए लोगों ने इसे केवल एक व्यक्ति के साथ अन्याय नहीं, बल्कि पूरे समाज की गरिमा पर चोट बताया। प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी कि यदि मामले की निष्पक्ष जांच कर न्याय नहीं दिया गया, तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
करीब दो घंटे तक चले इस प्रदर्शन के दौरान बड़ी संख्या में लोग चौकी परिसर में डटे रहे और प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की। समाज के प्रतिनिधियों ने साफ किया कि वे अब संगठित होकर हर तरह के अन्याय का विरोध करेंगे और अपनी आवाज को दबने नहीं देंगे।
इस मौके पर जिला पंचायत सदस्य एड इंद्र कुमार पटेल, कुर्मी क्षत्रिय समाज के जिला अध्यक्ष विवेक चौधरी, जिला पंचायत उपाध्यक्ष विवेक पटेल और राजकिशोर पटेल सहित कई प्रमुख लोग मौजूद रहे।












