फतेहाबाद। फतेहाबाद जिले के जाखल शहर की नगरपालिका में 27 लाख रुपए का गबन हुआ है। जाखल पुलिस ने इस मामले में मंगलवार को पूर्व लेखाकार के विरूद्ध एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
अकाउंटेंट पर एफआईआर करवाने के लिए नगरपालिका सचिव ने अप्रैल महीने में शिकायत दी थी। अब एक महीने बाद केस दर्ज हुआ है। हालांकि, अकांउटेंट पहले ही सस्पेंड किया जा चुका है।
जाखल नगरपालिका सचिव प्रवीण कुमार ने अपनी शिकायत में बताया कि पिछले वर्ष पूर्व अकाउंटेंट महेन्द्र सिंह ने सचिव के फर्जी हस्ताक्षर कर 27 लाख 63 हजार 344 रुपये की राशि एक निजी व्यक्ति के खाते में ट्रांसफर करवा दी थी।
यह भुगतान 31 दिसंबर 2024 को नगरपालिका से जारी हुआ था। मामला संज्ञान में आते ही सचिव ने तुरंत कार्रवाई शुरू की और जाखल थाने में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत के अनुसार, आरोपी महेंद्र सिंह उस समय जाखल नगरपालिका में अकाउंटेंट के पद पर कार्यरत था, तब उसने गड़बड़ी की।
करीब एक साल तक तो मामला अधिकारियों के संज्ञान में ही नहीं आ सका। सचिव की शिकायत के अनुसार नगरपालिका के रिकॉर्ड तैयार करने के दौरान सीए फर्म की जांच में सामने आया कि इंडसइंड बैंक के खाते से 31 दिसंबर 2024 को 27 लाख 63 हजार 344 रुपये की राशि संदीप सिंह के खाते में ट्रांसफर की गई।
जब भुगतान से संबंधित वाउचर की जांच की गई तो वह कार्यालय रिकॉर्ड में उपलब्ध नहीं मिला। इसके बाद प्रारंभिक जांच कर बैंक से संबंधित दस्तावेज मंगवाए गए।
जांच में बैंक से प्राप्त चेक और नमूना हस्ताक्षर पत्र में सचिव के साइन वास्तविक साइनों से अलग पाए गए। शिकायत में आरोप लगाया गया कि चेक पर प्रथम और द्वितीय दोनों साइन तत्कालीन अकाउंटेंट महेंद्र सिंह द्वारा किए गए प्रतीत होते हैं।
नगरपालिका प्रशासन की ओर से स्पष्टीकरण मांगे जाने के बावजूद कोई जवाब नहीं दिया गया। इसके बाद पुलिस को शिकायत भेजी गई। इस मामले में अब जाखल पुलिस ने आरोपी महेन्द्र सिंह, लेखाकार निलंबित, नगरपालिका जाखल मंडी के खिलाफ धोखाधड़ी के आरोप में केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
जाखल थाना प्रभारी सुरेश कुमार ने बताया कि इस मामले की शिकायत मिलने के बाद पुलिस की इकोनॉमिक सेल ने जांच की थी। जांच रिपोर्ट मिलने के बाद अब केस दर्ज किया गया है। जल्द ही आरोपी की गिरफ्तारी की जाएगी।












