उत्तर प्रदेश: मामला उत्तर प्रदेश के महराजगंज जिले के फरेंदा थाना क्षेत्र के सोनबरसा गांव का है. मृतक की पहचान सच्चाराम गुप्ता के रूप में हुई है. पुलिस के अनुसार, उनके दो बेटे हैं.
आरोप है कि बड़ी बहू शोभा गुप्ता लंबे समय से ससुर पर अपनी संपत्ति उसके नाम करने का दबाव बना रही थी. सच्चाराम गुप्ता दोनों बेटों को बराबर हिस्सा देने की बात कहते थे.
इसी को लेकर परिवार में लंबे समय से विवाद चल रहा था. मामला दीवानी अदालत तक भी पहुंच चुका था, लेकिन विवाद खत्म नहीं हुआ.
पुलिस की जांच के मुताबिक, आरोपी बहू ने कथित तौर पर साजिश के तहत सच्चाराम गुप्ता को बंटवारे पर बातचीत के बहाने अपने घर बुलाया. वहां पहले से रमेश गुप्ता और एक कथित झोलाछाप डॉक्टर धनई यादव मौजूद थे.
आरोप है कि बातचीत के दौरान विवाद बढ़ा तो शोभा गुप्ता ने सच्चाराम की आंखों में मिर्च पाउडर डाल दिया. आंखों में तेज जलन होने से वह जमीन पर गिर पड़े.
इसके बाद दोनों अन्य आरोपियों ने उन्हें पकड़ लिया और शोभा ने फावड़े के लकड़ी वाले डंडे से उनके सिर पर कई वार किए. गंभीर चोटों के कारण उनकी मौके पर ही मौत हो गई.
पुलिस के अनुसार, हत्या के बाद आरोपियों ने घटना को छिपाने की कोशिश की. कथित तौर पर धनई यादव ने सच्चाराम को मृत घोषित किया और फिर सभी रात होने का इंतजार करने लगे.
आरोप है कि बाद में श्रीकांत चौहान नाम के व्यक्ति को भी बुलाया गया. शव का चेहरा कपड़े से बांधा गया और उसे घसीटकर घर के बाहर एक खाली प्लॉट में फेंक दिया गया, ताकि सबूत मिटाए जा सकें और हत्या का शक किसी पर न जाए.
घटना की सूचना मिलने के बाद फरेंदा थाना पुलिस ने जांच शुरू की. महराजगंज के एसपी शक्ति मोहन अवस्थी ने बताया कि पुलिस ने चार घंटे के भीतर मामले का खुलासा कर दिया. पुलिस ने मुख्य आरोपी बहू समेत चार लोगों को गिरफ्तार कर लिया है.
पूछताछ में संपत्ति विवाद को हत्या की वजह बताया गया है. पुलिस ने हत्या में इस्तेमाल फावड़े का डंडा और अन्य सबूत बरामद कर लिए हैं.
एसपी के मुताबिक, सभी आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में केस दर्ज कर कार्रवाई की जा रही है. फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है. आरोपियों से पूछताछ की जा रही है.












