उतरौला (बलरामपुर)। मोहर्रम के नौवें दिन कर्बला के शहीदों की याद में मजलिस का आयोजन किया गया।
मुख्य बातें-वक्ता करबला मस्जिद के इमाम मौलाना माशूम राजा ने मजलिस को संबोधित किया
– विषय: हजरत अली अकबर, हजरत अली असगर और इमाम हुसैन की शहादत पर विस्तार से चर्चा की। बताया कि कर्बला की घटना इंसानियत, सब्र, त्याग और सत्य के लिए संघर्ष का संदेश देती है।
– माहौल: तकरीर सुनकर अकीदतमंद भावुक हो उठे, पूरे माहौल में गम छा गया
– संदेश: मुहर्रम का महीना त्याग, धैर्य, भाई चारे और इंसानियत की रक्षा का संदेश देता है। कर्बला की कुर्बानी अन्याय के खिलाफ आवाज उठाने की प्रेरणा देती है समापन: मुल्क में अमन-चैन, भाईचारे और खुशहाली के लिए दुआ की गई।
मौजूद लोग: बाबा हबीब, मौलाना इरफान, जमीर अहमद, निसार अहमद, मोहम्मद हुसैन रहमानी, नूर मोहम्मद, मोहम्मद अली, मोहम्मद यूनुस, मोहम्मद अब्बास, मोहम्मद अकबर, मोहम्मद अकरम, मोहम्मद शाहिद,समेत बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए।












