नई दिल्ली। केंद्र सरकार की डिजिटल और तकनीकी महत्वाकांक्षाओं को बड़ा बल मिल सकता है। सूचना एवं प्रसारण मंत्री अश्विनी वैष्णव ने शुक्रवार को जानकारी दी कि गूगल भारत में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) इंफ्रास्ट्रक्चर, सर्वर और ड्रोन निर्माण के क्षेत्र में निवेश की संभावनाएं तलाश रही है।
मंत्री ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर गूगल के अधिकारियों के साथ हुई बैठक की जानकारी साझा करते हुए कहा कि कंपनी भारत में एआई आधारित तकनीकों और इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण को लेकर गंभीरता से अवसरों का आकलन कर रही है। उन्होंने कहा कि गूगल देश में एआई इंफ्रास्ट्रक्चर के विकास के साथ-साथ सर्वर और ड्रोन निर्माण में भी निवेश की संभावनाएं देख रहा है।
विशेषज्ञों का मानना है कि गूगल की यह पहल भारत के तेजी से उभरते एआई इकोसिस्टम को नई गति दे सकती है। इससे देश में हाई-टेक विनिर्माण, डेटा प्रोसेसिंग और डिजिटल नवाचार के क्षेत्र में रोजगार और निवेश के नए अवसर बनने की उम्मीद है।
गौरतलब है कि इसी वर्ष अप्रैल में गूगल ने विशाखापत्तनम में 15 अरब डॉलर के एआई हब की आधारशिला रखी थी। केंद्र सरकार भी सेमीकंडक्टर, इलेक्ट्रॉनिक्स निर्माण और एआई तकनीकों को बढ़ावा देने के लिए लगातार नीतिगत कदम उठा रही है। ऐसे में गूगल की संभावित निवेश योजनाओं को भारत को वैश्विक टेक्नोलॉजी हब बनाने की दिशा में अहम माना जा रहा है।












