औरैया । उत्तर प्रदेश के औरैया जनपद में बाबरपुर स्थित सब्जी मंडी में किसानों और सब्जी विक्रेताओं को आज भी मूलभूत सुविधाओं के अभाव में भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। मंडी परिसर में वर्षों पुरानी जर्जर दीवार पर केवल ऊपर से प्लास्टर कर टीन शेड रख दिया गया है, जबकि नीचे की ओर दीवार नोना लगने से पूरी तरह खंडहर जैसी दिखाई दे रही है।
हैरानी की बात यह है कि इसी जर्जर दीवार के एक छोर पर नगर पंचायत द्वारा क्षेत्रीय विधायक के नाम से टीन शेड लोकार्पण का शिलालेख लगा दिया गया है, जो अब किसानों और सब्जी विक्रेताओं के बीच चर्चा और मजाक का विषय बना हुआ है।
मंडी में वर्षों पहले लगाए गए टीन शेड अब टूट-फूट और जर्जर अवस्था में पहुंच चुके हैं। वहीं मंडी परिसर में बने दो चबूतरे आज तक बिना टीन शेड के खुले पड़े हैं। ऐसे में किसान भीषण गर्मी, तेज धूप और बरसात के बीच खुले आसमान के नीचे बैठकर सब्जियां बेचने को मजबूर हैं।
सब्जी विक्रेताओं और किसानों का कहना है कि बारिश और धूप से बचने के लिए उन्हें मजबूरी में तिरपाल लगाकर अपनी सब्जियों और स्वयं को सुरक्षित रखना पड़ता है। किसानों ने आरोप लगाया कि टूटे टीन शेड की मरम्मत, खुले चबूतरों पर नए टीन शेड लगवाने और मंडी में हो रही अनावश्यक वसूली की शिकायत कई बार नगर पंचायत से की गई, लेकिन आज तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।
स्थानीय किसानों का कहना है कि केवल दिखावे के लिए लोकार्पण का शिलालेख लगा दिया गया, जबकि मंडी की व्यवस्थाएं आज भी अधूरी पड़ी हैं। यदि खुले चबूतरों पर टीन शेड, बैठने की व्यवस्था और अन्य आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध करा दी जाएं तो किसानों और सब्जी विक्रेताओं को काफी राहत मिल सकती है।
सब्जी विक्रेताओं और किसानों ने प्रशासन तथा नगर पंचायत से जल्द समस्या का समाधान कर मंडी की व्यवस्थाएं दुरुस्त कराने की मांग की है, ताकि किसानों को सम्मानजनक और सुरक्षित वातावरण में अपनी उपज बेचने का अवसर मिल सके।
इस संबंध में नगर पंचायत अजीतमल-बाबरपुर के अधिशासी अधिकारी प्रदीप कुमार ने बताया कि सब्जी मंडी में टीन शेड और अन्य व्यवस्थाओं को लेकर किसानों की शिकायतें संज्ञान में आई हैं। जल्द निरीक्षण कर प्रस्ताव तैयार कराया जाएगा।












