प्रयागराज। पारंपरिक कुम्हारी कला को आधुनिक तकनीक से जोड़कर आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में उत्तर प्रदेश माटीकला बोर्ड लगातार कार्य कर रहा है।
इसी क्रम में वर्ष 2026-27 के लिए प्रयागराज जनपद में पात्र कुम्हारों को निःशुल्क विद्युत चालित चाक (पॉटरी व्हील), पगमिल मशीन एवं टूल किट उपलब्ध कराने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
जिला ग्रामोद्योग अधिकारी जवाहर लाल ने मंगलवार को बताया कि उत्तर प्रदेश माटीकला बोर्ड द्वारा जनपद को 45 विद्युत चालित चाक (पॉटरी व्हील) तथा 3 पगमिल मशीनों के वितरण का लक्ष्य प्राप्त हुआ है।
इसके लिए प्राप्त आवेदनों के आधार पर चयन समिति द्वारा 23 जुलाई 2026 को सुबह 11 बजे विकास भवन सभागार, प्रयागराज में साक्षात्कार आयोजित किया जाएगा।
उन्होंने बताया कि मुख्य विकास अधिकारी की अध्यक्षता में गठित चयन समिति पात्र लाभार्थियों का साक्षात्कार लेकर अंतिम चयन करेगी।
सभी आवेदकों से निर्धारित समय पर आधार कार्ड, निवास प्रमाण-पत्र, जाति प्रमाण-पत्र एवं योग्यता प्रमाण-पत्र के साथ उपस्थित होने की अपील की गई है।
जिला ग्रामोद्योग अधिकारी जवाहर लाल ने कहा कि योगी सरकार की यह योजना पारंपरिक कुम्हारी व्यवसाय को नई तकनीक से जोड़ने के साथ ही कारीगरों की आय बढ़ाने और उन्हें आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।
आधुनिक विद्युत चालित चाक और पगमिल मशीन मिलने से उत्पादों की गुणवत्ता और उत्पादन क्षमता दोनों में वृद्धि होगी, जिससे स्थानीय कुम्हारों को बेहतर रोजगार एवं बाजार उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी।
सरकार की इस पहल से प्रयागराज के पारंपरिक माटीकला कारीगरों को आधुनिक संसाधनों का लाभ मिलेगा और उनकी आजीविका को नई मजबूती मिलने की उम्मीद है।











