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चौकड़ी टोल पर टूटे चेतावनी बोर्ड,झाड़ियों में छिपे संकेतक:हादसे का खतरा, महीनों से नहीं सुधरी व्यवस्था

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बस्ती के छावनी क्षेत्र में राष्ट्रीय राजमार्ग-27 स्थित चौकड़ी टोल प्लाजा पर यात्रियों की सुरक्षा को लेकर सवाल खड़े हो रहे हैं। टोल प्लाजा से पहले वाहन चालकों को सावधान करने के लिए लगाए गए कई चेतावनी बोर्ड महीनों से टूटे पड़े हैं। वहीं, दिशा सूचक और अन्य महत्वपूर्ण संकेतक झाड़ियों में छिप गए हैं। ऐसे में वाहन चालकों को टोल प्लाजा के करीब पहुंचने तक जरूरी जानकारी नहीं मिल पा रही है। बदहाल सुरक्षा इंतजाम किसी बड़े हादसे का कारण बन सकते हैं। महीनों से टूटे पड़े हैं चेतावनी बोर्ड चौकड़ी टोल प्लाजा से पहले सड़क किनारे वाहन चालकों की सुरक्षा के लिए चेतावनी बोर्ड लगाए गए हैं। इनमें से कई बोर्ड क्षतिग्रस्त होकर लंबे समय से पड़े हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि कई महीनों से इनकी मरम्मत नहीं कराई गई है। इसके बावजूद टोल प्रबंधन की ओर से कोई प्रभावी कदम नहीं उठाया गया। झाड़ियों में छिपे दिशा सूचक चेतावनी बोर्डों के अलावा कई दिशा सूचक और सड़क संकेतक झाड़ियों के बीच छिप गए हैं। तेज रफ्तार से चलने वाले वाहन चालकों को ये संकेतक दूर से दिखाई नहीं देते। इससे उन्हें टोल प्लाजा की स्थिति और लेन से संबंधित जानकारी समय रहते नहीं मिल पाती। अचानक टोल सामने आने पर बढ़ता खतरा टोल से पहले पर्याप्त चेतावनी नहीं मिलने के कारण वाहन चालकों के सामने अचानक टोल प्लाजा आ जाता है। ऐसी स्थिति में चालक अचानक ब्रेक लगाने या लेन बदलने का प्रयास कर सकते हैं। हाईवे पर तेज रफ्तार वाहनों के बीच यह स्थिति गंभीर दुर्घटना का कारण बन सकती है। टोल वसूली पर तत्परता, सुरक्षा पर सवाल स्थानीय लोगों का सवाल है कि टोल टैक्स की वसूली में लगातार सक्रिय रहने वाला प्रबंधन यात्रियों की सुरक्षा से जुड़े इंतजामों को लेकर इतना लापरवाह क्यों है। जब चेतावनी बोर्ड और संकेतक लंबे समय से खराब हैं तो अब तक उन्हें दुरुस्त क्यों नहीं कराया गया? लोगों ने जिम्मेदार अधिकारियों से जवाबदेही तय करने की मांग की है। हादसे के बाद जागने का इंतजार? बदहाल सुरक्षा व्यवस्था को लेकर लोगों में नाराजगी है। उनका कहना है कि किसी बड़े हादसे के बाद व्यवस्था सुधारने के बजाय पहले ही जरूरी कदम उठाए जाने चाहिए। टूटे बोर्ड और झाड़ियों में छिपे संकेतक महज अव्यवस्था नहीं, बल्कि सड़क सुरक्षा से जुड़ा गंभीर मामला हैं। नियमित निगरानी और तत्काल सुधार की मांग स्थानीय लोगों ने चौकड़ी टोल प्लाजा के आसपास सुरक्षा इंतजामों की तत्काल जांच कराने की मांग की है। चेतावनी बोर्डों को दुरुस्त कराने, झाड़ियों की सफाई कराने और दिशा सूचक संकेतकों को स्पष्ट रूप से दिखाई देने की स्थिति में लगाने की जरूरत बताई गई है। लोगों का कहना है कि समय रहते सुधार नहीं हुआ तो किसी अप्रिय घटना के बाद जिम्मेदारी तय करना मुश्किल होगा।
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