तजवापुर विकासखंड सभागार में ब्लॉक बाल कल्याण एवं संरक्षण समिति (बीएलसीपीसी) की एक बैठक आयोजित की गई। ब्लॉक प्रमुख की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में बाल श्रम और बाल विवाह की रोकथाम पर रणनीति बनाई गई। अधिकारियों ने विकासखंड को बाल श्रम एवं बाल विवाह मुक्त बनाने का संकल्प लिया। बैठक में एडीओ (आईएसबी), मुख्य चिकित्सा अधीक्षक, सुपरवाइजर, बाल कल्याण पुलिस अधिकारी, सहायक विकास अधिकारी और सहायक पंचायत अधिकारी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे। रोसा संस्थान के ब्लॉक कोऑर्डिनेटर सुनील दीक्षित और प्रतिमा सिंह ने बाल संरक्षण के क्षेत्र में किए गए कार्यों और पूर्व में आयोजित मेगा कैंप की उपलब्धियों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि मेगा कैंप के माध्यम से 150 से अधिक लाभार्थियों को लेबर कार्ड, पेंशन और अन्य सरकारी योजनाओं का लाभ प्रदान किया गया है। इसके अतिरिक्त, पूर्व के अभियानों में पहचाने गए 17 बाल श्रमिकों और 3 बाल विवाह प्रभावित बच्चों को शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ा गया। बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि ग्राम पंचायत स्तर पर डिजिटल प्रचार-प्रसार, होर्डिंग्स, जन जागरूकता शिविरों और सामुदायिक सहभागिता के माध्यम से एक व्यापक अभियान चलाया जाएगा। अधिकारियों ने जोर दिया कि विभिन्न विभागों के समन्वित प्रयासों से बच्चों के अधिकारों की रक्षा सुनिश्चित करते हुए तजवापुर को बाल श्रम एवं बाल विवाह मुक्त विकासखंड बनाया जाएगा।
तजवापुर में बाल श्रम और बाल विवाह रोकने की पहल:बीएलसीपीसी बैठक में बच्चों को मुख्यधारा से जोड़ने पर जोर
RELATED ARTICLES
Recent Comments
on Hello world!












