सिद्धार्थनगर के जोगिया क्षेत्र की ग्राम पंचायत हर्रैया में विकास कार्यों में 84,700 रुपये की वित्तीय अनियमितता की पुष्टि हुई है। जांच रिपोर्ट मिलने के बाद जिलाधिकारी शिव सरनप्पा जी.एन. ने ग्राम प्रधान अब्दुल कयूम को नोटिस जारी कर 15 दिनों के भीतर जवाब मांगा है। यह अनियमितता एक शिकायती पत्र के संदर्भ में गठित जांच कमेटी द्वारा पाई गई। जांच दल में जिला उद्यान अधिकारी और तकनीकी सहयोग के लिए अवर अभियंता, ग्रामीण अभियंत्रण विभाग, जोगिया शामिल थे। जांच में पांच बिंदुओं पर कुल 84,700 रुपये की वित्तीय अनियमितता प्रमाणित हुई। नोटिस में स्पष्ट किया गया है कि यदि निर्धारित समय-सीमा के भीतर ग्राम प्रधान द्वारा संतोषजनक स्पष्टीकरण नहीं दिया जाता है, तो ग्राम पंचायत के निर्वाचित सदस्यों में से तीन सदस्यों की कमेटी गठित की जाएगी। इसके साथ ही, शासकीय धन के दुरुपयोग के आरोप में प्राथमिकी भी दर्ज कराई जा सकती है। इसी शिकायती पत्र के संबंध में ग्राम पंचायत सचिव सुभाष को अभिलेख प्रस्तुत न कर पाने के कारण निलंबित कर दिया गया है। उनके विरुद्ध अनुशासनात्मक कार्यवाही जारी है, जिसमें इस वित्तीय अनियमितता को भी शामिल किया जाएगा। जिलाधिकारी ने जिला पंचायत राज अधिकारी को निर्देश दिया है कि ग्राम प्रधान द्वारा अपना जवाब प्रस्तुत किए जाने तक ग्राम पंचायत के खातों से आहरण और वितरण पर रोक लगाने की कार्यवाही की जाए। इस संबंध में जब ग्राम प्रधान अब्दुल कयूम ने बताया कि उन्हें अभी तक ऐसा कोई नोटिस प्राप्त नहीं हुआ है। खंड विकास अधिकारी रामानंद वर्मा ने बताया कि उन्हें पत्र प्राप्त हुआ है और उच्च अधिकारियों के निर्देशानुसार अनुपालन सुनिश्चित किया जाएगा। वहीं, पत्र में संदर्भित प्रतिलिपि प्राप्त करने वाले सहायक विकास अधिकारी (पंचायत) प्रदीप सिंह ने इस मामले पर कुछ भी कहने से इनकार कर दिया।
सिद्धार्थनगर में ग्राम प्रधान को वित्तीय अनियमितता पर नोटिस:हर्रैया पंचायत में लगभग 84,700 रुपये की अनियमितता, 15 दिन में मांगा जवाब
RELATED ARTICLES
Recent Comments
on Hello world!












