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धर्मेन्द्र प्रधान के इस्तीफे पर धरना स्थल में जश्न का माहौल, टॉफी बांटकर जताई ख़ुशी

  • धर्मेन्द्र प्रधान के इस्तीफे की मांग करने पहुंचं थे धरना स्थल

लखनऊ शुक्रवार केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेन्द्र प्रधान के इस्तीफे पर लखनऊ के इको गार्डन में जश्न मनाया जा गया। नगीना सांसद चंद्रशेखर के आने की सूचना पर सुबह से ही हजारों युवा प्रदर्शन करने के लिए इकट्ठा हुए। इको गार्डन में इकट्ठा हुए छात्र भी दिल्ली के जंतर-मंतर पर सीजेपी की तरह धर्मेन्द्र प्रधान के इस्तीफे की मांग कर रहे थे। पोस्टरों में तरह-तरह की नारेबाजी लिखकर पहुंचे थे। नगीना सांसद चंद्रशेखर भी आंदोलन को मजबूत करने पहुंचे। इस बीच केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान की इस्तीफे की खबर ने ख़ुशी की लहार दौड़ पड़ी। सभी जश्न मनाने लगे।

प्रदर्शन में शामिल कई युवाओं ने इको गार्डन में मेलोडी टॉफी बांटी। प्रदर्शन में जो पोस्टर-बैनर शिक्षा मंत्री के खिलाफ लेकर पहुंचे थे, उन्हें फाड़ डाले। एक प्रदर्शनकारी युवती ने कहा कि इतना होली-दिवाली पर खुश नहीं होती हूं, जितना आज इस इस्तीफे से हुई हूं। घर जाकर दावत होगी। इससे पहले ये लोग दोपहर 1 बजे से प्रदर्शन स्थल पर प्रदर्शन करने के लिए इकट्ठा होने लगे थे। चंद्रशेखर आजाद ने कहा कि आंदोलन को हम कमजोर नहीं पड़ने देंगे। यह पहली मांग थी जो पूरी हुई है।

शिक्षा मंत्री का इस्तीफा पर्याप्त नहीं है, पॉलिसी चेंज होनी चाहिए। स्वामी प्रसाद मौर्य ने कहा कि सिर्फ धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफा से बात नहीं बनेगी इस सरकार ने बच्चों का भविष्य बर्बाद किया है प्रधानमंत्री का भी इस्तीफा होगा और यह सरकार गिरेगी। सांसद चंद्रशेखर ने कहा कि अगर रामपुर में जौहर यूनिवर्सिटी पर बुलडोजर चला तो वह हमारे ऊपर से होकर गुजरेगा। मौलाना मोहम्मद अली जौहर यूनिवर्सिटी जहां 3000 बच्चे पढ़ते हैं उनके भविष्य को अंधकार में डाला जा रहा है। वहां बुलडोजर चलाने की तैयारी है। शिक्षा के मंदिर पर बुलडोजर नहीं चलेगा।

रामपुर डेवलपमेंट अथॉरिटी जो कार्रवाई कर रही है, वह नियम के खिलाफ है। जब जौहर यूनिवर्सिटी का निर्माण हुआ तो वह इलाका अथॉरिटी के अंदर में नहीं आता था। बाद में परिसीमन करके उसे लिया गया तो अथॉरिटी कार्रवाई कैसे कर सकती है? जब हमारे हाथ में सत्ता आएगी तब दिखाना गुंडागर्दी करके। आज जो धरना प्रदर्शन करने से रोकते हैं, गुंडई करते हैं, इनका ऐसा इलाज होगा कि प्रदेश छोड़कर भाग जाएंगे। हमने एक लड़ाई जीत ली है।

नगीना सांसद चंद्रशेखर ने कहा कि सीएए एनआरसी के खिलाफ प्रदर्शन के दौरान दिल्ली पुलिस ने हमको रातभर पीटा था। हमारे नाखून खींच लिए थे। दांत तोड़ दिया था। रीढ़ में गैप आ गया था। हम पुलिस की बर्बरता को जानते हैं। इसीलिए इस बार छात्रों के लिए धरने पर बैठे थे। हमें उनकी चिंता थी। राष्ट्रीय अध्यक्ष छात्र पंचायत के राष्ट्रीय अध्यक्ष शिवम पांडेय ने कहाकि सभी छात्रों को बहुत-बहुत बधाई। आप सबकी मेहनत और बुलंद आवाज की वजह से आज एजुकेशन मिनिस्टर धर्मेन्द्र प्रधान ने अपना इस्तीफा दे दिया।

प्रदेश महासचिव अनिकेत धनुक ने कहा कि 20 जुलाई को दिल्ली के जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर हुए लाठीचार्ज के विरोध में यह आंदोलन किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि छात्रों की आवाज दबाना गलत है। हम लोग लगातार तीसरे दिन यहां आंदोलन कर रहे हैं। और आज चंद्रशेखर आजाद इसका हिस्सा बन रहे हैं। ये जेन जी समाज में बदलाव लाने के लिए यहां एकत्रित हुआ है।

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