लखनऊ। मेरा प्रयास है कि कालीचरण पीजी कॉलेज के युवा नशा मुक्त अभियान के राजदूत बने। भारत के युवाओं का नशा मुक्त होना स्वस्थ भारत के लिए अति आवश्यक है। ये बातें केजीएमयू के डॉ सूर्यकांत ने कही। कालीचरण पीजी कॉलेज में बृहस्पतिवार को नशा मुक्त फॉर विकसित भारत संकल्प अभियान के तहत कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता महाविद्यालय के प्रबंधक इं वीके मिश्र ने की। प्रबंधक इं वीके मिश्र ने कहा कि विकसित भारत के सपने को सच करने के लिए युवाओं को आगे आना होगा और वही युवा शक्ति नेतृत्व और सृजन कर सकती है, जो नशे से मुक्त हो।
डॉ सूर्यकांत, हेड ऑफ डिपार्टमेंट ऑफ रेस्पिरेटरी मेडिसिन किंग जॉर्ज चिकित्सा विश्वविद्यालय ने बताया कि नशे से 40 तरह के कैंसर और 25 तरह की अन्य जानलेवा बीमारियां होती हैं। जब कोई व्यक्ति सिगरेट का नशा करता है तो 30 प्रतिशत वह अपने को और 70 प्रतिशत अन्य लोगों को नुकसान पहुंचाता है। तम्बाकू पर प्रतिबंध लगाने के लिए आपने 9 बार प्रधानमंत्री को चिट्ठी लिखी है। कार्यक्रम में युवाओं को नशा मुक्त होने की शपथ दिलवाते हुए आपने कहा कि आपका दायित्व है कि जो आपके-अपने नशा कर रहे हैं, उनकी काउंसलिंग और मेडिकल सहायता से नशा छुड़ाने का प्रयास करें।












