श्रावस्ती। वृक्षारोपण महाअभियान 2026 को सफल बनाने के लिये प्रधानमंत्री जी के आवाहन एक पेड़ मां के नाम अभियान को पूरी तरह सफल एवं ऐतिहासिक बनाने के उद्देश्य से प्रभागीय वनाधिकारी धनराज मीणा की अध्यक्षता में जिले के समस्त प्रमुख गैर सरकारी संगठनों (NGO), सामाजिक संस्थाओं और पर्यावरण प्रेमियों के साथ एक महत्वपूर्ण समन्वय बैठक का आयोजन किया गया, जिसमें उपस्थित प्रतिनिधियों एवं स्वंय सेवी संस्थाओं से उनके विचार लिये गये तथा विभिन्न बिन्दुओं पर विचार किया गया प्रभागीय वनाधिकारी श्रावस्ती ने बताया कि इस वर्ष प्रदेश सरकार द्वारा बड़े पैमाने पर हरित आवरण (Green Cover) को बढाने का संकल्प लिया गया है। इसमें जिले के शत् प्रतिशत भागीदारी सुनिश्चित करने के लिये NGO की भूमिका सबसे महत्वपूर्ण होगी। जिले के विभिन्न क्षेत्रों जैसे सार्वजनिक पार्को, बंजर भूमियों, सड़क के किनारे ग्राम पंचायतों और शैक्षिणक संस्थानों में पौध रोपण के लिये अलग-अलग NGOs को जिम्मेदारी सौंपी गई। बैठक में उपस्थित NGO व उनके प्रतिनिधियों ने आश्वस्त किया कि वे ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में नुक्कड़, नाटक, रैलियों एवं सोशल मीडिया के माध्यम से एक पेड़ मां के नाम अभियान के तहत जन-जन को जागरूक करेगें ताकि यह सरकारी कार्यकम न रहकर एक जन-आन्दोलन बन सके। प्रभागीय वनाधिकारी श्रावस्ती द्वारा बताया गया कि वन विभाग की ओर से सभी स्वंय सेवी संस्थाओं को उनके मांग के अनुसार सरकारी पौधशालाओं से विभिन्न प्रजातियों के उच्च गुणवत्ता वाले पौधे निःशुल्क उपलब्ध कराये जायेगें।
प्रभागीय वनाधिकारी ने स्पष्ट किया कि केवल पौधा लगाना ही उद्देश्य नही है बल्कि उनके सुरक्षा और जीवितता भी सुनिश्चित करनी होगी। इस बार पौधे की निगरानी हरितमा ऐप, जी०आई०एस० मैपिंग और क्यू०आर० कोड आधारित ट्रैकिंग सिस्टम से की जायेगी। प्रभागीय वनाधिकारी द्वारा बैठक में उपस्थित सभी संगठनों से पौधो की सुरक्षा के लिये उचित देख भाल करने और स्थानीय निवासियों को वृक्ष मित्र बनाने की अपील की गई।
बैठक के समापन पर प्रभागीय वनाधिकारी श्रावस्ती द्वारा बैठक में उपस्थित स्वंय सेवी संस्थाओं के प्रतिनिधियों, उद्यद्योग व्यापार मंडल के प्रतिनिधियों, सेवा निवृत्ति कर्मचारियों, तथा जिले डिग्री कालेज एव इन्टर कालेज के प्रधानाध्यापको का आभार व्यक्त करते हुये कहा कि ” प्रकृति एवं पर्यावरण का संरक्षण हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। NGO समाज की रीढ है। वन विभाग के संसाधनों और आपकी जमीनी पहुँच के संगम से हम इस वर्ष जिले को पूरी तरह हरा भरा और प्रदूषण मुक्त बनाने के संकल्प को जरूर पूरा करेगें।












