श्रावस्ती में भारत-नेपाल सीमा पर तैनात सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी) के जवानों के लिए टीबी जागरूकता और जांच शिविर का आयोजन किया गया। यह शिविर 21 अप्रैल 2026 को एसएसबी की 62वीं वाहिनी, भिनगा में ‘टीबी मुक्त भारत’ अभियान के तहत आयोजित हुआ। कार्यक्रम कमांडेंट अमरेन्द्र कुमार वरुण की अध्यक्षता में बल मुख्यालय नई दिल्ली के निर्देश पर संपन्न हुआ। यह शिविर श्रावस्ती जिला क्षय रोग विभाग के सहयोग से आयोजित किया गया था। टीबी विशेषज्ञ डॉ. संत कुमार और उनकी टीम ने जवानों को टीबी के लक्षण, जांच प्रक्रिया, मुफ्त इलाज, पोषण सहायता और बचाव के तरीकों के बारे में विस्तृत जानकारी दी।
कमांडेंट अमरेन्द्र कुमार वरुण ने अपने संबोधन में कहा कि टीबी एक गंभीर बीमारी है, लेकिन समय पर जांच और सही इलाज से इसे पूरी तरह ठीक किया जा सकता है। उन्होंने सभी जवानों से लक्षणों को नजरअंदाज न करने और आवश्यकता पड़ने पर तुरंत जांच कराने की अपील की। उन्होंने आसपास के लोगों को भी जागरूक करने पर जोर दिया। शिविर के अंत में टीबी की प्रारंभिक पहचान के लिए वाहिनी के सभी जवानों की चेस्ट स्क्रीनिंग की गई। सभी कार्मिकों ने इसमें सक्रिय रूप से भाग लिया। यह आयोजन ‘टीबी मुक्त भारत’ के लक्ष्य को प्राप्त करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
एसएसबी जवानों की चेस्ट स्क्रीनिंग, लगा जागरूकता स्वास्थ्य शिविर:भारत-नेपाल सीमा पर तैनात जवानों को स्वस्थ रखने के लिए विशेष पहल
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