बाढ़ से निपटने के लिए प्रशासन पूरी तरह तैयार
श्रावस्ती,। जिलाधिकारी अन्नपूर्णा गर्ग के निर्देश पर जनपद मे आयोजित हो रही राहत चौपालों के क्रम मे 30 जून मंगलवार को तहसील जमुनहा मे राहत चौपालों का आयोजन किया गया। तहसील जमुनहा के अंतर्गत बहोरवा, ब्लाक आफिस जमुनहा, लालबोझा दर्वेशगांव, लक्ष्मननगर एवं फतेहपुर बनगाई मे राहत चौपालों का आयोजन किया गया।जिलाधिकारी अन्नपूर्णा गर्ग ने बताया कि जिला प्रशासन लगातार आपदाओं से पूर्व सूचना तंत्र को मजबूत कर रहा है। वर्षा, बाढ़, आंधी तूफान , वज्रपात और बाढ़ के संबंध मे पूर्व सूचनायें लगातार जारी की जा रही हैं। जनपद मे पूर्व सूचना तंत्र को सटीक बनाने के लिए प्रति ब्लाक तीन स्वाचालित वर्षा मापी और प्रति तहसील तीन स्वाचालित मौसम सूचना तंत्र स्थापित किये गये हैं। जनपद मे दो वायु गुणवत्ता मापी भी स्थापित हैं। जिनसे लगातार डाटा प्राप्त किया जा रहा है। आम जन भी http://58.84.20.13/rahat/ लिंक का प्रयोग कर वर्षा, तापमान, वायु की गति आदि की जानकारी प्राप्त कर सकते हैं। आपदा पूर्व सूचना प्राप्त होने से अगर नागरिक सावधान हो जायें तो आपदा के प्रभाव को न्यून किया जा सकता है। राहत चौपालों मे हमारे बाढ़ चौकी प्रभारी नागरिकों को समस्त जानकारी देते हुए उन्हे बता रहे हैं कि गांव मे बाढ़ आने की सूचना पर अपने निकटस्थ बाढ़ शरणालय मे शरण लें। शरणालय मे भोजन,
पानी, दैनिक कार्य, स्वास्थ्य आदि की व्यवस्था प्रशासन द्वारा की जायेगी। किसी भी प्रकार की आपदा मे जिला प्रशासन आपके सहयोग हेतु सदैव तत्पर है।बहोरवा राहत चौकी पर चौपाल अध्यक्ष उपजिलाधिकारी संजर राय ने बताया कि हम सभी के क्षेत्र मे बाढ़ हर एक दो वर्ष मे आती है इसलिए इस वर्ष भी बाढ़ आने की संभावना है इसलिए सभी नागरिक अपने जरूरी सामानों को सुरक्षित कर लें। जरूरी कागजात को वाटरप्रूफ फाइल मे एक जगह रखें। अपने घर मे कम से कम 07 दिन का सूखा खाने के सामान का पैकेट रखें। बाढ़ आने से पूर्व प्रशासनिक सूचनाओं पर ध्यान दें। सभी नागरिक मोबाइल मे सचेत एप और दामिनी एप डाउनलोड कर के रखें। सचेत एप आपको मौसम संबंधी एवं दामिनी एप आपको वज्रपात संबंधी पूर्व सूचना देता है इसका प्रयोग करें। पूर्व सूचना पर प्रतिक्रिया कर जीवन बचाया जा सकता है।आज एसडीआरएफ की टीम ने लक्ष्मणनगर मे ग्रामीणों को बाढ़ आपदा से बचाव की जानकारी दी।












