- मिस्र ने नई प्रशासनिक राजधानी में ‘ऑक्टागन’ का उद्घाटन किया।
- यह दुनिया का सबसे बड़ा सैन्य मुख्यालय बताया जा रहा है।
- विशेषज्ञों का कहना है कि सिर्फ बड़ा मुख्यालय होने से सैन्य ताकत तय नहीं होती।
काहिरा/नई दिल्ली: मिस्र ने अपनी नई प्रशासनिक राजधानी में दुनिया के सबसे बड़े सैन्य मुख्यालय ‘ऑक्टागन’ (The Octagon) का उद्घाटन कर दिया है। राष्ट्रपति अब्देल फतह अल-सीसी ने 4 जुलाई को इसका उद्घाटन किया। यह परिसर आकार के लिहाज से अमेरिका के प्रतिष्ठित पेंटागन से भी बड़ा बताया जा रहा है।
क्या है ‘ऑक्टागन’?
ऑक्टागन आठ आपस में जुड़े भवनों वाला आधुनिक सैन्य कमांड सेंटर है। यहां सेना, नौसेना और वायुसेना के संचालन के लिए एकीकृत कमांड, संचार, खुफिया और AI आधारित सिस्टम लगाए गए हैं। यह मिस्र की नई प्रशासनिक राजधानी परियोजना का अहम हिस्सा है।

X/द ऑक्टागन इजिप्ट
पेंटागन से कितना बड़ा है?
रिपोर्टों के मुताबिक, ऑक्टागन का परिसर करीब 22,000 एकड़ में फैला है, जबकि पेंटागन का मुख्य भवन लगभग 29 एकड़ क्षेत्र में बना है। इसी वजह से इसे दुनिया का सबसे बड़ा सैन्य मुख्यालय कहा जा रहा है।
क्या इससे मिस्र की सैन्य ताकत बढ़ जाएगी?
विशेषज्ञों का कहना है कि किसी देश की सैन्य ताकत केवल मुख्यालय के आकार से तय नहीं होती। आधुनिक हथियार, प्रशिक्षित सैनिक, खुफिया नेटवर्क, तकनीक और रणनीति कहीं अधिक महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। ऐसे में ऑक्टागन को मिस्र की सैन्य आधुनिकीकरण नीति का प्रतीक जरूर माना जा रहा है, लेकिन इसकी वास्तविक क्षमता समय के साथ सामने आएगी।

क्यों है यह परियोजना चर्चा में?
एक ओर समर्थक इसे मिस्र की सुरक्षा और आधुनिक सैन्य ढांचे की दिशा में बड़ा कदम बता रहे हैं, वहीं आलोचक आर्थिक चुनौतियों के बीच इस पर हुए भारी खर्च पर सवाल उठा रहे हैं। फिलहाल, ऑक्टागन ने दुनिया का ध्यान अपनी विशालता और रणनीतिक महत्व दोनों की वजह से खींचा है।












