HomeHealth & Fitnessतृणमूल कांग्रेस में अंदरूनी खींचतान तेज, विद्रोही गुट ने अलग कार्यसमिति का...

तृणमूल कांग्रेस में अंदरूनी खींचतान तेज, विद्रोही गुट ने अलग कार्यसमिति का किया ऐलान

कोलकाता। तृणमूल कांग्रेस की अध्यक्ष ममता बनर्जी ने पार्टी की पुनर्गठित राष्ट्रीय कार्यसमिति की सूची निर्वाचन आयोग को भेज दी है। पार्टी सूत्रों के अनुसार, सोमवार को दिल्ली स्थित निर्वाचन सदन में यह सूची भेजी गई। इस कदम को पार्टी की कमान ममता बनर्जी के हाथ में होने का स्पष्ट संदेश देने की कोशिश के रूप में देखा जा रहा है।

घटनाक्रम के बीच सोमवार को ही न्यूटाउन के एक होटल में ऋतब्रत बनर्जी के नेतृत्व वाले विद्रोही तृणमूल गुट ने अलग कार्यसमिति गठित करने की घोषणा की।

इस गुट की कार्यसमिति में ममता बनर्जी और अभिषेक बनर्जी को कोई स्थान नहीं दिया गया है। विद्रोही गुट ने मध्य हावड़ा विधानसभा क्षेत्र के विधायक अरूप राय को अध्यक्ष बनाया है।

कालीघाट स्थित तृणमूल नेतृत्व की ओर से जारी सूची में ममता बनर्जी को पार्टी अध्यक्ष तथा अभिषेक बनर्जी को अखिल भारतीय महासचिव बताया गया है।

विधानसभा चुनाव में पार्टी के खराब प्रदर्शन के बाद पांच जून को ममता बनर्जी ने कालीघाट स्थित अपने आवास पर बैठक बुलाकर नई कार्यसमिति का गठन किया था।

हालांकि, बाद में पार्टी के भीतर कई नेताओं के रुख में बदलाव के कारण कार्यसमिति में संशोधन किया गया। पूर्व मंत्री ज्योतिप्रिय मल्लिक ने स्वास्थ्य कारणों का हवाला देते हुए पार्टी के सभी पदों से इस्तीफा देने की घोषणा की थी।

वहीं, पूर्व मंत्री अरूप विश्वास का नाम पहले राज्य महासचिव के रूप में शामिल था, लेकिन पार्टी कोषाध्यक्ष के रूप में उन्होंने तृणमूल के तीन बैंक खातों में लेनदेन रोकने के लिए बैंक प्रबंधन को पत्र लिखा था। अरूप विश्वास को सोमवार को ऋतब्रत गुट की बैठक में भी देखा गया।

5 जून को गठित कार्यसमिति में युवा संगठन की अध्यक्ष के रूप में सायनी घोष और महिला शाखा की अध्यक्ष के रूप में माला राय का नाम था।

दोनों सांसद अब विद्रोही खेमे के साथ बताई जा रही हैं और औपचारिक रूप से नेशनलिस्ट सिटिजन्स पार्टी ऑफ इंडिया में शामिल हो चुकी हैं। इसके चलते संशोधित कार्यसमिति में इन नेताओं को स्थान नहीं दिया गया है।

नई कार्यसमिति में विद्रोही नेताओं को हटाने के साथ ही नादिमुल हक को शामिल किया गया है। हालांकि, यह स्पष्ट नहीं है कि पांच जून को गठित पहली कार्यसमिति की सूची निर्वाचन आयोग को भेजी गई थी या नहीं।

यह भी साफ नहीं हो सका है कि ममता बनर्जी ने पहले की सूची के स्थान पर संशोधित सूची आयोग को भेजी है अथवा केवल नवीन कार्यसमिति की जानकारी दी गई है।

विद्रोही तृणमूल गुट में ऋतब्रत बनर्जी को महासचिव बनाया गया है। उनके साथ जावेद खान, संदीपन साहा और सबीना यासमीन भी महासचिव पद पर हैं।

अरूप राय को सह-अध्यक्ष बनाया गया है, जबकि फिरहाद हकीम और रथीन घोष को भी सह-अध्यक्ष की जिम्मेदारी दी गई है। आकरुज्जमान को कोषाध्यक्ष नियुक्त किया गया है।

दूसरी ओर, ममता बनर्जी के नेतृत्व वाली तृणमूल कार्यसमिति में सुब्रत बक्शी सह-अध्यक्ष हैं। डेरेक ओ ब्रायन और डोला सेन संयुक्त सचिव हैं, जबकि चंद्रिमा भट्टाचार्य को राज्य अध्यक्ष बनाया गया है।

 

RELATED ARTICLES
- Advertisment -
Google search engine

Most Popular

Recent Comments